अजमेर में पिछले दस दिन से शहर वासियों को बरसात का इंतजार है। पिछले साल 18 जुलाई को एक ही दिन में रिकॉर्ड 194.8 एमएम बरसात हुई थी। जो पिछले 10 सालों में एक दिन की सबसे ज्यादा बरसात थी। जुलाई में अब तक 122.5 एमएम बरसात हुई और मानसून सीजन में अब तक 206.9 एमएम बरसात हो चुकी है जो औसत बरसात से 32 प्रतिशत ज्यादा है। इस माह 9 जुलाई को अंतिम बार 2 एमएम बरसात हुई थी। बीते 24 घंटों की बात करें तो न्यूनतम तापमान 26.5 रहा। जो शनिवार से ज्यादा है। बता दें कि शनिवार को अधिकतम तापमान 36.5 डिग्री रहा और न्यूनतम तापमान 26.2 डिग्री दर्ज किया गया। मौसम विभाग के अनुसार-आने वाले दिनों में मानसून सक्रिय होगा और अजमेर में बरसात होगी। जुलाई माह में पिछले 10 सालों में कितनी हुई बरसात पिछले दस सालों की बात करें तो साल 2025 में 576.5 एमएम व साल 2022 में 513 एमएम बरसात जुलाई माह में हुई। साल 2023 में 405 एमएम व साल 2024 में 106.1 एमएम बरसात दर्ज की गई। इसी प्रकार साल 2021 में 129.8 एमएम, साल 2020 में 149.3 एमएम, साल 2019 में 338.3 एमएम, साल 2018 में 148.5 एमएम, साल 2017 में 236.8 एमएम, साल 2016 में 261.6 एमएम बरसात दर्ज की गई। पिछले दस सालों में सबसे कम बरसात 2024 में 106.1 एमएम हुई है। इस साल में अब तक 122.5 एमएम बरसात हो चुकी है। किसानों की बढ़ने लगी चिंता किसानों का कहना है कि अगर एक सप्ताह में बारिश नहीं हुई तो खेतों में हुई बुवाई खराब होने लगेगी। इससे चिंता बढ़ गई है। बता दें कि जिले में बुवाई का आंकड़ा विभाग द्वारा तय किए लक्ष्य के करीब पहुंच चुका है। जिले में 3 लाख 56 हजार हैक्टेयर बुवाई लक्ष्य से ज्यादा अब तक 3 लाख 59 हजार 097 हैक्टेयर क्षेत्र में विभिन्न फसलों की बुवाई हो चुकी है। इस बार मानसून सामान्य से कम होने की संभावना जताई गई है। इसे देखते हुए कुछ किसान मानसून सक्रिय होने के बाद बुवाई करेंगे।