अलवर में जमीन की रजिस्ट्री कराने जा रहे व्यक्ति से 8 लाख रुपए लूटने के मामले में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। जिस पर भरोसा था, वही दोस्त इस वारदात का मुख्य आरोपी निकला। योजना के तहत रास्ते में दूसरी बाइक से आए युवक ने रुपयों से भरा बैग छीना और फरार हो गया। पुलिस जांच में सामने आया कि पूरी साजिश दोस्त ने ही रची थी, जिससे मामले ने नया मोड़ ले लिया है। घटना लक्ष्मणगढ़ क्षेत्र में 22 अप्रैल सुबह 10:30 बजे की है। परिवादी जसराम गुर्जर जमीन की रजिस्ट्री कराने के लिए अपने साथी को पीछे बाइक पर बैठा कर ले गया और उसी के हाथों में रकम थमा दी। इसी दोस्त ने अन्य युवक के साथ मिलकर लूट की प्लानिंग बनाई और वारदात को अंजाम दिया था। एसपी ने पूरे मामले का खुलासा करते हुए 23 अप्रैल को मुख्य आरोपी साहून मेव निवासी नागल मेव मंडावरा दौसा को अरेस्ट कर लिया। आरोपी ने पुलिस पूछताछ में वारदात करना कबूल किया। फिलहाल आरोपी से पूछताछ में पुलिस जुट गई है। रजिस्ट्री कराने जाते समय हुई लूट की वारदात अलवर एसपी सुधीर चौधरी ने बताया कि 22 अप्रैल को सुबह करीब साढ़े 10 बजे लक्ष्मणगढ़ में जसराम पुत्र रामचंद्र निवासी रिंजवास को बड़ौदामेव में एक जमीन की रजिस्ट्री करानी थी। उसने अपने एक परिचित साहून निवासी नागल मेव मंडावरा को बाइक पर पीछे बैठा लिया। उसे ही रजिस्ट्री कराने के लिए ले जाई जा रही रकम पकड़ा दी। फिर उसी दोस्त ने अपने किसी अन्य साथी को पूरी जानकारी देते हुए लूट की योजना बना ली। आरोपी ने पुलिस पूछताछ में किया खुलासा एसपी ने आगे बताया कि जब दोनों रुपए लेकर बाइक से जा रहे थे। तो पीछे से एक बिना नंबर की बाइक पर सवार होकर आए युवक ने झपट्टा मारकर साहून के हाथ से रुपए से भरा बैग छीन लिया और मौके से भाग गया। इसके बाद पुलिस को जसराम गुर्जर ने पूरी जानकारी दी। बाद में पुलिस मामले की पड़ताल की। तब उसके पीछे बैठे साहून मेव को अरेस्ट कर लिया। उसके बाद साहून ने पूरा मामला पुलिस के सामने रख दिया। हालांकि, पुलिस ने दूसरे आरोपी के घर से रकम भी बरामद कर ली।