राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड अजमेर ने शनिवार को दिव्यांग विद्यार्थियों का परिणाम जारी किया। इसमें बीकानेर के छात्र भागीरथ सिंह ने सीनियर सेकेंडरी(12वीं) में भागीरथ ने 500 में 500 अंक हासिल किए हैं। पांचों विषयों में 100 में 100 अंक श्रीडूंगरगढ़ के भारती निकेतन सीनियर सेकेंडरी स्कूल के छात्र भागीरथ सिंह ने हिन्दी, अंग्रेजी, फिजिक्स, केमेस्ट्री और गणित सभी पांच विषयों में 100 में 100 अंक प्राप्त किए। इस तरह उनका कुल स्कोर 500/500 रहा। बोर्ड परीक्षा में किसी विद्यार्थी द्वारा सभी विषयों में शत-प्रतिशत अंक लाने का यह संभवतः पहला मामला है। इससे पहले ऐसा रिकॉर्ड सामने नहीं आया है। इन बच्चों को भी वो ही पेपर दिया जाता है, जो सामान्य स्टूडेंट्स को दिया जाता है। अतिरिक्त सुविधा के तौर पर आधा घंटा अधिक समय मिलता है, जिससे वो पेपर पूरा कर सकें। शारीरिक चुनौती के बावजूद हासिल की सफलता भागीरथ सिंह की सफलता इसलिए और खास है क्योंकि उनके दोनों हाथ बचपन से ही सामान्य नहीं हैं। उनके हाथ कोहनी से लगभग 90 डिग्री पर मुड़े हुए हैं, जिससे लिखना उनके लिए बेहद कठिन होता है। इसके बावजूद उन्होंने खुद मेहनत कर यह उपलब्धि हासिल की। किसान परिवार से हैं भागीरथ भागीरथ सिंह एक सामान्य किसान परिवार से आते हैं। उनके पिता रामनारायण सिंह किसान हैं, जबकि माता सुआ कंवर गृहिणी हैं। बेटे की इस उपलब्धि से पुंदलसर गांव और श्रीडूंगरगढ़ क्षेत्र में खुशी का माहौल है। स्कूल ने जताई खुशी स्कूल संचालक गिरधर स्वामी ने बताया कि भागीरथ शुरू से ही मेधावी छात्र रहा है और उसकी मेहनत का ही परिणाम है कि उसने यह ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की है। स्कूल में इस उपलब्धि को लेकर जश्न का माहौल है। सीमित संसाधनों और शारीरिक चुनौतियों के बावजूद भागीरथ सिंह ने यह साबित कर दिया कि मजबूत इरादों के आगे कोई बाधा बड़ी नहीं होती।