शिक्षा विभाग में नौकरी होने के बाद भी एक लेक्चरर साल 2015 से एसडीएम और तहसीलदार ऑफिस में ड्यूटी दे रहे थे। साल 2023 में डेपुटेशन निरस्त होने के बाद भी उन्होने शिक्षा विभाग में जॉइन नहीं किया। ऐसे में लेक्चर को सस्पेंड कर डूंगरपुर भेज दिया गया है। मामला बीकानेर जिले के श्री डूंगरगढ़ का है। माध्यमिक शिक्षा निदेशक सीताराम ने बताया कि मुकेश कुमार झाझवाल साल 2015 से श्रीडूंगरगढ़ के एसडीएम और तहसीलदार ऑफिस में डेपुटेशन पर थे। विभाग ने 24 जुलाई 2023 को स्पष्ट आदेश जारी कर सभी शिक्षकों को प्रतिनियुक्ति समाप्त कर मूल पदस्थापन स्थल पर लौटने के निर्देश दिए थे। इसके बावजूद लेक्चरर ने आदेश नहीं माने और लगातार वहीं पर काम किया। इसके बाद निदेश की ओर से जारी आदेश में व्याख्याता (भूगोल) मुकेश कुमार झाझवाल, जो राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय चोटीसर, ब्लॉक श्रीडूंगरगढ़ में पोस्टेड थे। उन्हें सस्पेंड कर दिया है। निलंबन के दौरान उन्हें जिला शिक्षा अधिकारी डूंगरपुर कार्यालय में अपनी उपस्थिति देनी होगी। निदेशक ने निरीक्षण के दौरान एक को दिया नोटिस प्रारम्भिक और माध्यमिक शिक्षा निदेशक सीताराम जाट ने सोमवार को श्रीडूंगरगढ़ के मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी के साथ राजकीय विद्यालयों का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान विद्यालयों में प्रवेश उत्सव की प्रगति, शैक्षणिक व्यवस्था एवं आउट ऑफ स्कूल बालकों के विद्यालय में प्रवेश, नामांकन में वृद्वि आदि के संबंध में समीक्षा की गई। महात्मा गांधी राजकीय विद्यालय, धीरदेसर चोटियान का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान अध्यापक मोहम्मद रफीक बिना किसी जानकारी के स्कूल में नहीं थे। ऐसे में उनके खिलाफ भी कार्रवाई करते हुए नोटिस जारी किया गया है।