सड़क हादसे में जान गंवाने वाले दिल्ली में तैनात फायरमैन राजेश कुमार के 26 लाख रुपए के सोने के जेवरात पुलिस कस्टडी से गायब होने के मामले में कोर्ट के इस्तगासे पर कार्रवाई हुई है। कोर्ट के आदेश पर कोतवाली थाने में सदर थाने के कॉन्स्टेबल संदीप कुमार के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। मामले में पुलिस कस्टडी में पहुंचे बैग से सोने के जेवर गायब होने के आरोप लगाए गए हैं। ज्वेलरी खरीदकर लौटते समय हुआ था हादसा जानकारी के अनुसार कुलौद खुर्द निवासी राजेश कुमार दिल्ली में फायरमैन के पद पर तैनात थे। वह 30 मई 2026 को मातेश्वरी ज्वैलर्स से दो सोने की हमेल और 10 सोने के सिक्के खरीदकर घर लौट रहे थे। इसी दौरान खाजपुर पुराना के पास तेज रफ्तार कार की टक्कर से उनकी मौत हो गई। हादसे के बाद उनका बैग पुलिस की कस्टडी में पहुंचा, जिसमें सोने के जेवरात रखे हुए थे। महिला कॉन्स्टेबल को सौंपा गया था बैग एफआईआर के अनुसार क्रेन ड्राइवर शक्ति सिंह ने बैग और हेलमेट महिला कॉन्स्टेबल संतोष को सौंपा था। इसके बाद बैग को सदर थाने में स्टील की बेंच पर रखा गया। बाद में बैग में रखे सोने के जेवर गायब मिले। परिजनों ने आरोप लगाया कि जेवर पुलिस कस्टडी से चोरी हुए हैं। सीसीटीवी फुटेज का दिया गया हवाला पीड़ित पक्ष का दावा है कि सीसीटीवी फुटेज में सदर थाने का कॉन्स्टेबल संदीप कुमार बैग उठाकर थाने से बाहर ले जाता हुआ दिखाई दिया था। इसी आधार पर कोर्ट के आदेश पर उसके खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। कॉन्स्टेबल पहले से था निलंबित एएसपी देवेंद्र सिंह राजावत ने बताया कि कॉन्स्टेबल संदीप कुमार 30 जून 2026 से बिना सूचना ड्यूटी से गैरहाजिर था। इसके कारण उसे निलंबित किया जा चुका है। उन्होंने बताया कि आरोपी कॉन्स्टेबल ने 10 जुलाई को ही थाने में अपनी आमद दर्ज करवाई है। फिलहाल पूरे मामले की जांच जारी है। पहले बगड़ थाने में दर्ज हुआ था मामला यह मामला पहले बगड़ थाने में दर्ज हुआ था, लेकिन क्षेत्राधिकार के कारण उसमें एफआर लगा दी गई थी। इसके बाद मृतक राजेश कुमार के मौसेरे भाई कैलाश डांगी ने कोर्ट की शरण ली। कोर्ट के इस्तगासे के बाद अब कोतवाली थाने में एफआईआर दर्ज की गई है। पुलिस के अनुसार 2008 बैच का कॉन्स्टेबल संदीप कुमार जिले के कई थानों में तैनात रह चुका है। मामला दर्ज होने के बाद पुलिस ने उसके खिलाफ जांच शुरू कर दी है।