डीग शहर के मेला मैदान में आशा सहयोगिनियों का 3 सूत्री मांगों को लेकर चल रहा धरना प्रदर्शन सोमवार को 16वें दिन भी जारी रहा। इसी क्रम में सोमवार दोपहर करीब 12 बजे 5 आशा सहयोगिनी अपनी मांगों के समाधान नहीं होने पर पानी की टंकी पर चढ़ गईं। पानी की टंकी पर चढ़ने वाली आशा सहयोगिनियों में सुनीता फौजदार, शशि, रजनी नरेश फौजदार और लोकेश शामिल रही। इस घटना की सूचना मिलते ही प्रशासन में हड़कंप मच गया और अधिकारी तुरंत मौके पर पहुंचे। मांगों पर अड़ी रही, नहीं उतरी नीचे एसडीएम अमित मीणा, डीग कोतवाली थाना प्रभारी रामनरेश मीणा और सीएमएचओ विजय सिंगल ने मौके पर पहुंचकर आशा सहयोगिनियों से बातचीत कर उन्हें समझाने का प्रयास किया। हालांकि, आशा सहयोगिनी अपनी मांगों पर अड़ी रहीं और नीचे उतरने से इनकार कर दिया। टंकी के पास प्रदर्शन कर रही 1 महिला हुई बेहोश इसी दौरान पानी की टंकी के पास प्रदर्शन कर रही महिलाओं में से एक महिला बेहोश होकर गिर पड़ी। उसे तत्काल अधिक जिला अस्पताल पहुंचाया गया। आशा सहयोगिनियों ने स्पष्ट किया कि जब तक उनकी 3 सूत्रीय मांगें पूरी नहीं हो जातीं, वे पानी की टंकी से नीचे नहीं उतरेंगी। आशा सहयोगिनियों ने बताया कि पूर्व में भी राज्य सरकार और जिला प्रशासन को विभिन्न माध्यमों से कई बार ज्ञापन सौंपे जा चुके हैं, लेकिन उनकी प्रमुख मांगों का अब तक कोई संतोषजनक समाधान नहीं हुआ है। राजस्थान की आशा सहयोगिनियां कई वर्षों से राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के तहत ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य, टीकाकरण, परिवार कल्याण, जन-जागरूकता और विभिन्न स्वास्थ्य कार्यक्रमों में उनका योगदान सराहनीय रहा है। इसके बावजूद उन्हें उनके कार्य के अनुरूप उचित मानदेय और सुविधाएं प्राप्त नहीं हो रही हैं। यह है 3 प्रमुख मांगें ज्ञापन के माध्यम से आशा सहयोगिनियों ने मांग की कि उन्हें संविदा नियम-2022 में शामिल किया जाए तथा राज्य कर्मचारी (चतुर्थ श्रेणी) के समकक्ष दर्जा प्रदान किया जाए। इसके अलावा न्यूनतम 24 हजार रुपए प्रतिमाह मानदेय, सेवा निवृत्ति के बाद 10 लाख रुपए की एकमुश्त राशि एवं 12 हजार रुपए मासिक पेंशन दिए जाने की मांग भी रखी गई। गृह राज्य मंत्री बेढम को मौके पर बुलाने की मांग टंकी पर चढ़ी आशा सहयोगिनी सुनीता फौजदार का कहना है जब तक गृह राज्य मंत्री जवाहर सिंह बेढम मौके पर नहीं आते तब तक हम पानी की टंकी से नीचे नहीं उतरेंगे। किसी का आश्वासन भी नहीं मानेंगे। गृह राज्य मंत्री डीग जिले में मौजूद होने के बावजूद भी अभी तक धरना स्थल पर नहीं आए हैं। जब तक गृह राज्य मंत्री मौके पर नहीं आते हम किसी का आश्वासन नहीं मानेंगे और पानी की टंकी से भी नीचे नहीं उतरेंगे।