डीग क्षेत्र में रविवार सुबह करीब 4:30 बजे अचानक मौसम ने करवट ली। तेज बादलों की गड़गड़ाहट के साथ शुरू हुई बारिश ने देखते ही देखते ओलावृष्टि का रूप ले लिया। यह ओलावृष्टि करीब 15 से 20 मिनट तक चली, जिससे किसानों की चिंता बढ़ गई है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, क्षेत्र के नजदीकी गांव अऊ और ऊमरा में ओले गिरने से गेहूं की फसल को भारी नुकसान होने की आशंका जताई जा रही है। इस समय खेतों में गेहूं की कटाई का कार्य जोरों पर है, वहीं कई खेतों में फसल पूरी तरह पककर कटाई के लिए तैयार खड़ी थी। ऐसे में अचानक हुई इस बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि ने किसानों की मेहनत पर पानी फेर दिया है। मौसम में बदलाव से फसल को भारी नुकसान गौरतलब है कि इससे पहले शुक्रवार शाम को सामई गांव में भी तेज बारिश के साथ ओलावृष्टि हुई थी, जिससे गेहूं की फसल को काफी नुकसान पहुंचा था। लगातार हो रहे इस तरह के मौसम परिवर्तन से किसान बेहद चिंतित हैं। जिला प्रशासन भी इस स्थिति पर नजर बनाए हुए है। जिला कलेक्टर मयंक मनीष के निर्देश पर तहसीलदार जुगिता मीणा ने शनिवार को डीग क्षेत्र के कई गांवों का दौरा कर फसल खराबी का जायजा लिया था। उन्होंने संबंधित पटवारियों को गिरदावरी करने और नुकसान का आंकलन करने के निर्देश दिए थे। इस बेमौसम बारिश और ओलावृष्टि ने किसानों के सामने आर्थिक संकट खड़ा कर दिया है। जिन किसानों की फसल कटने के कगार पर थी, उनके लिए यह प्राकृतिक आपदा किसी बड़े झटके से कम नहीं है। अब किसान प्रशासन से जल्द सर्वे कर उचित मुआवजा देने की मांग कर रहे हैं, ताकि उनके नुकसान की भरपाई हो सके।