टोंक | रविवार को हज गाइडेंस सोसायटी ने निजाम फैक्टरी परिसर में हज गाइडेंस कैंप आयोजित किया। कैंप में हज 2026 के लिए प्रशिक्षण दिया गया और मक्का-मदीना की रुबात में ठहरने के लिए निशुल्क इजाजतनामे वितरित किए गए। मौलवी सईद ने दुआ कराई। सोसायटी के अध्यक्ष मोइनुद्दीन निजाम के अनुसार टोंक जिला और टोंक रियासत के परगनात क्षेत्रों के करीब 300 हज यात्रियों को इजाजतनामे दिए गए। इनमें छबड़ा, निम्बेहेड़ा, पिडावा के यात्री शामिल रहे। मध्यप्रदेश के सिरोंज से भी कुछ यात्री कैंप में पहुंचे। सोसायटी ने बताया कि रुबात में ठहरने की अनुमति मिलने से एक यात्री को लगभग 80 हजार रुपये तक की बचत हो सकती है। कैंप में हज के अरकान, यात्रा के नियम, जरूरी गतिविधियों और दीनी मसलों पर जानकारी दी गई। प्रशिक्षण सत्र में मुफ्ती इस्लाहुद्दीन खिजर और मुफ्ती आदिल नदवी ने भी मार्गदर्शन किया। हज कमेटी जयपुर से आए ट्रेनर मोहम्मद शाहिद ने हज प्रक्रिया से जुड़ी जानकारी दी। सोसायटी वर्ष 2000 से हज यात्रियों के लिए निशुल्क कैंप आयोजित कर रही है। यह संस्था हज आवेदन भरने में सहायता, यात्रा संबंधी दिशा-निर्देश और चिकित्सकीय सलाह भी देती है। इस साल सोसायटी ने दो कैंप किए। फरवरी में प्रशिक्षण के साथ टीकाकरण शिविर लगाया गया था, जिसमें मेनिन्जाइटिस का टीका, पोलियो की ओरल वैक्सीन और 65 वर्ष से अधिक उम्र के यात्रियों को इन्फ्लूएंजा का टीका लगाया गया। सोसायटी के अनुसार टोंक जिले से 127 लोग हज पर जाएंगे। जिले के यात्रियों की फ्लाइट 24 अप्रैल 2026 को जयपुर से मदीना के लिए रवाना होगी। वापसी 9 जून 2026 को जेद्दा से जयपुर होगी। यात्रियों को उड़ान से दो दिन पहले हज हाउस, करबला, जयपुर में रिपोर्ट करना होगा, जहां पासपोर्ट, वीजा और टिकट दिए जाएंगे।