खराब मौसम के कारण जयपुर इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर सोमवार रात फ्लाइट संचालन काफी प्रभावित हुआ। आंधी और कम विजिबिलिटी की वजह से कई विमानों की लैंडिंग नहीं हो सकी। तीन फ्लाइट्स को डायवर्ट करना पड़ा, वहीं कई फ्लाइट्स काफी समय तक आसमान में होल्ड पर रहीं। आबूधाबी से आने वाली एतिहाद एयरवेज की फ्लाइट समय पर लैंड नहीं कर सकी। फ्लाइट शाम 7:35 बजे जयपुर पहुंची थी। लेकिन तेज हवा और खराब विजिबिलिटी के चलते उसे तुरंत लैंडिंग की अनुमति नहीं मिली। विमान करीब 45 मिनट तक आसमान में होल्ड पर रहा। इस दौरान उसने करीब आठ चक्कर लगाए। मौसम में हल्का सुधार होने पर विमान की सुरक्षित लैंडिंग हुई। आसमान में चक्कर लगाते रहे विमान मुंबई से जयपुर आ रही एयर इंडिया एक्सप्रेस की फ्लाइट IX-1219 जयपुर में लैंड नहीं कर सकी। इसे रात 10:15 बजे जयपुर एयरपोर्ट पर उतरना था। आंधी के कारण पायलट को लैंडिंग में दिक्कत हुई। विमान काफी देर तक आसमान में चक्कर लगाता रहा। बाद में इसे दिल्ली डायवर्ट कर दिया गया। इसी तरह अहमदाबाद से रात 9:12 बजे रवाना हुई इंडिगो की फ्लाइट 6E-7131 रात 10:45 बजे जयपुर एयरपोर्ट पर लैंड होनी थी। आंधी की वजह से काफी देर तक फ्लाइट को जयपुर एयरस्पेस में होल्ड पर रखा गया। परिस्थितियां सामान्य नहीं होने पर इसे दिल्ली डायवर्ट कर दिया गया। वापस इंदौर पहुंची फ्लाइट इंदौर से इंडिगो की फ्लाइट 6E-7745 रात 9:15 बजे जयपुर पहुंचने वाली थी, लेकिन खराब मौसम के कारण इसकी लैंडिंग नहीं हो सकी। काफी देर तक विमान को होल्ड पर रखा गया। आखिरकार पायलट को फ्लाइट को वापस इंदौर डायवर्ट करना पड़ा। पैसेंजर्स जयपुर पहुंचने के बजाय फिर से इंदौर लौट गए। रनवे टच कर गो अराउंड किया विमान मुंबई से जयपुर आ रही एअर इंडिया की फ्लाइट AI-413 की लैंडिंग में भी काफी दिक्कत आई। पायलट ने एक बार रनवे पर विमान उतारने की कोशिश की, लेकिन रनवे टच करते ही विमान को गो अराउंड करना पड़ा। इसके बाद विमान करीब एक घंटे तक जयपुर के आसमान में चक्कर लगाता रहा। मौसम सामान्य होने पर उसकी सुरक्षित लैंडिंग हुई। 45 मिनट एयरस्पेस में होल्ड पर रही गुवाहाटी से जयपुर आई इंडिगो की फ्लाइट 6E-749 की लैंडिंग में भी देरी हुई। यह फ्लाइट करीब 45 मिनट तक जयपुर के एयरस्पेस में होल्ड पर रही। कम विजिबिलिटी और तेज हवा के कारण पायलट को लैंडिंग की अनुमति मिलने में समय लगा। एयरपोर्ट सूत्रों के अनुसार, आंधी के कारण विजिबिलिटी काफी कम हो गई थी। इससे पायलटों को रनवे साफ दिखाई नहीं दे रहा था। सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए कई विमानों को होल्ड पर रखा गया और कुछ को डायवर्ट करने का फैसला लिया गया। फ्लाइट्स के डायवर्ट होने और लगातार देरी के कारण पैसेंजर्स को एयरपोर्ट और फ्लाइट में लंबे समय तक इंतजार करना पड़ा। कई पैसेंजर्स रातभर परेशान रहे, जबकि कुछ को दिल्ली और इंदौर पहुंचने के बाद आगे की ट्रैवल प्लान के लिए अलग व्यवस्था करनी पड़ी।