जयपुर में मकान की छत पर कपड़े सुखाने गई महिला बंदरों के झुंड से बचने के प्रयास में संतुलन खो बैठी और दो मंजिला मकान से नीचे गिर गई। गंभीर घायल महिला सुशीला (42) को अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। यह हादसा रामगंज थाना क्षेत्र स्थित हीदा की मोरी के मंडी खटीकान इलाके में बुधवार सुबह करीब 10 बजे हुआ। परिजनों के अनुसार- सुशीला घर की छत पर कपड़े सुखाने गई थीं। इसी दौरान छत पर मौजूद बंदरों का झुंड उनकी ओर लपटका। बंदरों से बचने के लिए सुशीला घबराकर पीछे हटीं, लेकिन संतुलन बिगड़ने से पहले दीवार से टकराईं। इसके बाद दो मंजिला मकान की छत से नीचे सड़क पर गिर गईं। गिरने की आवाज सुनकर परिजन और आसपास के लोग मौके पर पहुंचे। घायल सुशीला सड़क पर अचेत अवस्था में पड़ी मिलीं। उन्हें हॉस्पिटल पहुंचाया गया, जहां उन्हें मृत घोषित कर दिया। हादसे के बाद मोहल्ले में शोक हो गया। होमगार्ड में सिपाही हैं पति परिजनों ने बताया- सुशीला के पति गजेंद्र मल्होत्रा होमगार्ड में सिपाही हैं और नगर निगम में कार्यरत हैं। घटना से कुछ देर पहले वे ड्यूटी के लिए घर से निकले थे। गजेंद्र हादसे की सूचना मिलते ही अस्पताल पहुंचे। दंपती के दो बच्चे हैं, जो स्कूल और कॉलेज में पढ़ाई कर रहे हैं। परिवार के अनुसार- करीब एक महीने पहले गजेंद्र मल्होत्रा के पिता का निधन हुआ था। परिवार उस सदमे से अभी उबर भी नहीं पाया था कि अब सुशीला की मौत ने परिवार को शोक में डुबो दिया। बंदरों के बढ़ते आतंक से लोगों में नाराजगी घटना के बाद स्थानीय लोगों ने इलाके में बढ़ते बंदरों के आतंक पर चिंता जताई है। लोगों ने कहा- बंदरों के झुंड आए दिन परकोटा क्षेत्र में छतों और गलियों में उत्पात मचाते हैं, जिससे दुर्घटनाओं का खतरा लगातार बना रहता है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन और नगर निगम से बंदरों के आतंक पर प्रभावी कार्रवाई करने की मांग की है। पोस्टमॉर्टम के बाद शव परिजनों को सौंपा पुलिस ने शव का पोस्टमॉर्टम करवाने के बाद उसे परिजनों को सौंप दिया। मामले में आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जा रही है।