जालोर में तेजी से बस चलाने को लेकर ग्रामीणों और ड्राइवर में बहस हो गई। लाठी-डंडे लेकर आए ग्रामीणों ने ड्राइवर को पकड़ लिया। आरोप है कि ग्रामीणों ने उसे पीटा और शर्ट फाड़ दी। इसका एक वीडियो भी सामने आया है। इसमें बस में बैठी सवारियां ड्राइवर का सपोर्ट करती हुई नजर आ रहीं हैं। महिलाएं वीडियो में कहती नजर आ रहीं हैं- लाठियां क्यों लाए हो, ऐसे क्यों कर रहे हो। वहीं ग्रामीणों ने कहा- ड्राइवर यहां तेजी से बस लेकर जाता है, बच्चे खेलते रहे हैं। कई बार समझाया पर नहीं माना। ऐसे में, आज रोक कर समझाइश की थी। वीडियो 16 जुलाई का है जो आज रविवार को 19 जुलाई को सामने आया है। ड्राइवर ने ग्रामीणों के खिलाफ मारपीट का मामला 17 जुलाई को दर्ज करवाया है। मामला जालोर के भाद्राजून थाना क्षेत्र के निम्बला गांव है। बस ड्राइवर इसी गांव का है। पाली में एक निजी कंपनी की बस चलाता है। ग्रामीणों ने बस को रोककर की मारपीट भाद्राजून SHO लालाराम ने बताया- ड्राइवर दिनेश कुमार ने रिपोर्ट दी है। वह एक निजी कंपनी की बस चलाता है। जो जालोर के नोसरा, बागुन्दा, निम्बला व निम्बला की ढ़ाणी से लड़कियों और महिलाओं को सिलाई सिखाने के लिए पाली लेकर जाता है और शाम को वापस सभी को गांवों में छोड़ता है। हर रोज की तरह 16 जुलाई को भी वो सिलाई सिख रही महिलाओं को लेने के लिए आया था। इसी दौरान यह विवाद हो गया। ग्रामीणों ने बस को रोककर मारपीट कर दी। बस को तेज गति से चलाने का आरोप वीडियो में दिख रहे वरदाराम चौधरी ने बताया- ड्राइवर निम्बला गांव निवासी दिनेश कुमार हर दिन यहां से बस लेकर जाता है और बस को गांव में तेज गति से भगाता हैं। जिसे लेकर वहां मौजूद लोगाें ने कई बार बस को रुकवाकर ड्राइवर से समझाइश की गई कि गांव के मुख्य चौराहा पर हर वक्त बच्चे और पशु खड़े रहते है। इसलिए गांव से बस धीरे चलाकर लेकर जाए। समझाइश के बावजूद भी वह बस को तेज गति से भगाते हुए लेकर जाता है। इसी दौरान वह 16 जुलाई को भी तेज गति से बस काे भगा रहा था। कुछ लोगों ने रोक कर समझाइश की गांव में बस तेज गति से न लेकर जाए। इस पर युवक ने कहा- गांव तेरे बाप का है क्या। इसको लेकर विवाद हुआ और विवाद खींचातानी में बदल गई। ड्राइवर ने ग्रामीणों पर आरोप लगाया ड्राइवर दिनेश कुमार ने बताया- 16 जुलाई की सुबह पहले नोसरा, बागुदा, निम्बला और ढ़ाणी गया। जहां से सवारी लेकर जा रहा था। इस दौरान निम्बला गांव में वीरमाराम और हिमताराम समेत 2-3 लोग और थे। जिसने लाठी से मारपीट की और मेरी शर्ट फाड़ दी। उन्होंने कहां यह हमारी गली हैं, आप यहां से नहीं निकल सकते है। इस पर मैंने कहा कि पहले छोटी गाड़ी थी तो दूसरी जगह से जाता था। अब बड़ी गाड़ी है, इस वजह से यहां से निकलना पड़ता हैं। इस पर ग्रामीणों ने मुझे यहां से बस ले जाने से मना कर दिया। ड्राइवर ने मामला दर्ज कराया भाद्राजून थानाधिकारी लालाराम ने बताया- बस को गांव से तेज गति से निकालने को लेकर विवाद हुआ था। सूचना पर पुलिस ने पहुंचकर समझाइश कर मामला शांत करा दिया था। ड्राइवर की रिपोर्ट पर मामला दर्ज कर जांच की जा रही हैं।