एमडी ड्रग्स तैयार करने के लिए जोधपुर से 100 किलो से ज्यादा केमिकल (ब्रोमो-2) और एसिड की भारी खेप बरामद की गई है। तस्कर इस खेप को जोधपुर से बाड़मेर सप्लाई करने वाले थे। इससे पहले ही 5 तस्करों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। तस्करों ने फॉर्च्यूनर की डिक्की में केमिकल से भरे ड्रम छिपा रखे थे। ऐसे में तेज धूप होने के कारण रसायनों के ड्रमों में आग लगने या उनके फटने की आशंका थी। आरोपियों के कब्जे से आईफोन 17 प्रो जैसे 11 महंगे मोबाइल फोन, अफीम का दूध और मादक पदार्थ तैयार करने के उपकरण भी मिले हैं। कार्रवाई कुड़ी भगतासनी थाना प्रभारी सहदेव भाटी के नेतृत्व में की गई थी। जालोर और बाड़मेर के पांच तस्करों को पकड़ा मामले में एनडीपीएस एक्ट सहित अन्य धाराओं में केस दर्ज कर जालोर के मोखातरा निवासी ओमप्रकाश विश्नोई (29) पुत्र हरीराम, अनिल विश्नोई (24) पुत्र भभुताराम, जालोर के पूनासा निवासी कुलदीप विश्नोई (27) पुत्र बाबुलाल, बाड़मेर के फागलिया निवासी रामनिवास विश्नोई (26) पुत्र पुनमाराम और जालोर के कोटड़ा निवासी संदीप कुमार विश्नोई (21) पुत्र गणपतलाल को गिरफ्तार किया गया है। सभी को झालामंड स्थित एक घर से पकड़ा गया। मामले की जांच झंवर थानाधिकारी प्रहलाद सिंह को सौंपी गई है। ऐसे पकड़े गए पांचों तस्कर मकान के बाहर बिना नंबर गाड़ी देखकर दी दबिश कुड़ी भगतासनी थाना प्रभारी सहदेव भाटी के नेतृत्व में पुलिस की अलग-अलग टीम वांछित अपराधियों की धरपकड़ और मादक पदार्थों के खिलाफ अभियान के तहत झालामण्ड क्षेत्र में गश्त कर रही थी। इस दौरान एएसआई एएसआई तनसुख और कॉन्स्टेबल अशोक व अमराराम की टीम को रामदेव विहार में एक मकान के बाहर फॉर्च्यूनर और बिना नंबर की कार खड़ी दिखाई दी। पुलिस ने मकान के अंदर दबिश देकर पांच युवकों को पकड़ा। पूछताछ के दौरान वे घबरा गए और अपने नाम-पते गलत बताने लगे। संदेह होने पर पुलिस ने जब पहचान-पत्र मांगे, तो आरोपियों के पास कोई कागज नहीं मिले। इसके बाद पुलिस पांचों संदिग्धों और बिना नंबर की किया कार को थाने लेकर आई। फॉर्च्यूनर की डिक्की में छिपा रखे थे केमिकल ड्रम पूछताछ के दौरान आरोपी ओमप्रकाश ने बताया कि फॉर्च्यूनर गाड़ी उसी की है और उसमें संदिग्ध माल भरा हुआ है। आरोपी ओमप्रकाश ने किआ कार के दरवाजे के पास बने पॉकेट से फॉर्च्यूनर की चाबी निकाली और डिक्की खोली। जांच के दौरान गाड़ी की डिक्की और आगे की सीट से केमिकल से भरे चार बड़े ड्रम और दो जरीकन बरामद हुए। इनमें 100 किलो से ज्यादा एसीटोन, टोल्यूनि, ब्रोमो-2 और हाइड्रोक्लोरिक एसिड भरा हुआ था। धूप में केमिकल से भरे ड्रमों के फटने का खतरा था मौके पर बरामद रसायनों की गंभीरता को देखते हुए एफएसएल टीम और नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो जोधपुर के अधिकारियों को भी बुलाया गया। बाहर तेज धूप होने के कारण रसायनों के ड्रमों में आग लगने या उनके फटने की आशंका थी। इस खतरे को देखते हुए एनसीबी और पुलिस की संयुक्त टीम ने सभी ड्रमों और जरीकनों को तुरंत घर के बाहरी कमरे में सुरक्षित शिफ्ट किया, जहां उनकी विस्तृत जांच की गई। आरोपियों ने पूछताछ में बताया कि ये सभी रसायन एमडी ड्रग्स तैयार करने के लिए जोधपुर लाए गए थे। आरोपियों के कब्जे से मादक पदार्थ निकालने के लिए इस्तेमाल होने वाला पाइप, हैंडपंप और लोहे का फनल भी बरामद हुआ है। बाड़मेर डिलीवरी करने वाले थे तस्कर पूछताछ में खुलासा हुआ कि आरोपी ओमप्रकाश और कुलदीप अपनी स्कोडा कार लेकर पाली के बर पहुंचे थे, जहां उन्हें यह रसायनों से भरी फोर्च्यूनर गाड़ी सौंपी गई थी। आरोपियों ने पुलिस को चकमा देने के लिए गाड़ियां बदलीं और जोधपुर पहुंचे। यह पूरी खेप बाड़मेर के धोरीमन्न निवासी राकेश जांगू को डिलीवर की जानी थी। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से गुजरात पासिंग की दो जाली नंबर प्लेटें भी बरामद की हैं, जिनका उपयोग वे पुलिस से बचने के लिए करते थे।