जोधपुर के श्रीराम हॉस्पिटल में महिला की मौत के बाद परिजनों का गुस्सा फूट पड़ा। अस्पताल के बाहर हंगामा करते हुए बेटे ने आरोप लगाया कि डॉक्टर ने ऑपरेशन में लापरवाही बरती, जिसके चलते उसकी मां की जान चली गई। घटना की सूचना पर करणी सेना के कार्यकर्ता भी मौके पर पहुंच गए, जिससे माहौल और गरमा गया। अस्पताल के बाहर ही परिजन करणी सेना और समाज के लोगों के साथ धरने पर बैठ गए। उन्होंने डॉक्टर के खिलाफ पुलिस प्रशासन से कार्रवाई की मांग की है। वहीं, मामले की सूचना मिलते ही पुलिस और RAC के जवान मौके पर पहुंचकर स्थिति को संभाला। अभी हॉस्पिटल की सुरक्षा में पुलिस, आरएसी और कालीका पेट्रोलियम यूनिट भी तैनात की गई है। हालांकि, परिजनों की ओर से देवनगर पुलिस थाने में रिपोर्ट दे दी गई है। जोधपुर के पाल रोड स्थित श्री राम हॉस्पिटल सोमवार शाम 8 बजे एडमिट कंचन कवर(45) की मौत हो गई। जिसके बाद परिजन और समाज के लोगों ने विरोध जताते हुए धरना प्रदर्शन करना शुरू कर दिया। परिजनों का कहना है कि पैसे के लालच में हॉस्पिटल की डॉक्टर ने जांच रिपोर्ट सामान्य नहीं होने की वजह से मरीज का ऑपरेशन कर दिया। जिससे उसकी तबीयत ज्यादा बिगड़ने से मौत हो गई। डॉक्टरों ने इलाज के नाम पर किया मां का ऑपरेशन महिला के बेटे गोविंद सिंह ने बताया कि वो बनाड़ के निकट देवलिया के रहने वाले हैं। उनकी माता कंचन कंवर (45) को शनिवार(25 अप्रैल) को पेट की बच्चेदानी में गांठ की समस्या को लेकर श्री राम हॉस्पिटल में लेकर आए थे। यहां डॉक्टरों ने इलाज के नाम पर मां का ऑपरेशन कर दिया और पैसे भी ले लिए। लेकिन तबीयत ज्यादा बिगड़ने से सोमवार रात 8 बजे उनकी मौत हो गई। डॉक्टर ने ऑपरेशन सही होने का विश्वास दिलाया गोविंद सिंह ने बताया कि उनकी मां को सामान्य जांच के लिए हॉस्पिटल लाया गया था। उनके बच्चेदानी में प्रॉब्लम की बात डॉक्टर चेतना अग्रवाल को पहले भी बता रखी थी कि उनकी बीपी हाई रहती है और हार्ट की मरीज है। इसके बावजूद हॉस्पिटल ने हमें विश्वास दिलाया कि ऑपरेशन सही तरीके से होगा, लेकिन दूसरे दिन उनको सांस लेने में तकलीफ होने लग गई। उन्होंने मांग की है कि इस मामले में लापरवाही बरतने वाले डॉक्टरों के खिलाफ कार्रवाई की जाए। श्रीराम हॉस्पिटल में मना करने के बावजूद भी डॉक्टर ने कर डाला ऑपरेशन राष्ट्रीय राजपूत करणी सेना के वरिष्ठ उपाध्यक्ष तेजपाल सिंह ने बताया पूर्व में महिला की जांच करवाई थी तब डॉक्टर ने रिपोर्ट में लिखा था कि उनका ऑपरेशन नहीं किया जा सकता है। जब श्री राम हॉस्पिटल में आए थे, तब भी डॉक्टरों को बोला था कि ऑपरेशन नहीं करना है, लेकिन यहां के डॉक्टर ने ये गारंटी दी कि हम ऑपरेशन सक्सेस कर देंगे। इसके बाद उनका ऑपरेशन कर दिया। इतना ही नहीं उनकी मौत के बाद बॉडी देने के लिए भी रुपए मांगे। जबकि महिला हार्ट पेशेंट थी, जिसकी जानकारी पूर्व में भी डॉक्टरों को दी गई थी। परिजनों ने दोषी डॉक्टर के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की है। हालांकि, परिजनों की ओर से थाने में रिपोर्ट दी गई है। इधर, प्राइवेट हॉस्पिटल की सुरक्षा में पुलिस, RAC के जवान और कालीका पेट्रोलियम यूनिट भी तैनात की गई है।