भारत सरकार द्वारा जनगणना-2027 का महत्वपूर्ण राष्ट्रीय कार्यक्रम चलाया जा रहा है। यह भारत की पहली डिजिटल जनगणना होगी, जिसमें आंकड़ों का संग्रहण डिजिटल उपकरणों के माध्यम से किया जाएगा। जनगणना 2027 के पहले चरण में मकान सूचीकरण एवं मकान गणना का कार्य 16 मई से 14 जून 2026 तक प्रगणकों एवं पर्यवेक्षकों द्वारा किया जाएगा। इस दौरान मकानों की स्थिति, परिवारों को उपलब्ध सुविधाओं और परिसंपत्तियों संबंधी आंकड़े एकत्रित किए जाएंगे। इस जनगणना के तहत एक अभिनव पहल के रूप में स्व-गणना (Self-Enumeration) का विकल्प भी प्रदान किया गया है। आमजन 1 मई 2026 से 15 मई 2026 तक अपनी जानकारी स्वयं दर्ज कर सकते हैं। जिला कलेक्टर अपर्णा गुप्ता ने आमजन से इस पहल का हिस्सा बनने की अपील की है। स्व-गणना के लिए नागरिक ऑनलाइन पोर्टल se.census.gov.in के माध्यम से अपनी जानकारी दर्ज कर सकते हैं। जानकारी दर्ज करने के बाद उन्हें एक SE ID प्राप्त होगी। जब 16 मई से 14 जून 2026 तक जनगणना प्रगणक मकान सूचीकरण के लिए घर आएंगे, तो यह SE ID उन्हें बतानी होगी। कलेक्टर ने जनगणना प्रगणकों का पूर्ण सहयोग करने का आग्रह किया है। कलेक्टर गुप्ता ने कहा कि सही और सटीक जानकारी देने से सरकारी योजनाओं का लाभ पात्र व्यक्तियों एवं परिवारों तक पहुंचना सुनिश्चित होगा। इससे जिले के विकास को नई दिशा मिलेगी। उन्होंने सभी से इस राष्ट्रीय महत्व के कार्य में सक्रिय भागीदारी निभाने और अपना पंजीकरण अवश्य कराने का आह्वान किया।