उदयपुर में पिछले दिनों मूसलाधार बारिश और अंधड़ से मदार नहर में पांच बड़े पेड़ टूटकर गिर गए थे। इस पर नगर निगम की टीम ने सोमवार को दिनभर अभियान चलाकर इन सभी टूटे पेड़ों को बाहर निकाला। जेसीबी और क्रेन की मदद से रास्ता पूरी तरह साफ कर दिया गया। इससे नहर में पानी का बहाव फिर से सुचारू हो गया है। दरअसल, पिछले दिनों बारिश और तेज हवा के कारण मदार नहर में कई जगहों पर भारी-भरकम पेड़ ढह गए थे। पेड़ गिरने से पानी आगे नहीं बढ़ पा रहा था और जलभराव की आशंका लगातार बढ़ती जा रही थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए नगर निगम आयुक्त अभिषेक खन्ना ने एक्शन लिया। उन्होंने अधिकारियों को मौके पर जाकर मदार नहर को साफ करने के निर्देश दिए थे। जेसीबी, क्रेन और डंपर से हटाए नगर निगम आयुक्त अभिषेक खन्ना ने बताया- नहर से इन भारी पेड़ों को हटाना आसान नहीं था। इसके लिए निगम ने मौके पर जेसीबी, क्रेन और डंपर जैसे बड़े संसाधनों को काम पर लगाया। टीम ने सबसे पहले क्रेन की मदद से पेड़ों की बड़ी-बड़ी टहनियों और शाखाओं को काटकर अलग किया। इसके बाद भारी तनों को खींचकर नहर से बाहर निकाला गया। पेड़ों के साथ-साथ नहर में जमा दूसरे कचरे और अवरोधों को भी पूरी तरह साफ किया गया। इस कार्रवाई के दौरान सुरक्षा का पूरा ध्यान रखा गया, ताकि कोई हादसा न हो। आयुक्त खन्ना ने कहा- मानसून के इस मौसम में शहर में जल निकासी व्यवस्था को एकदम सही रखना नगर निगम की सबसे बड़ी प्राथमिकता है। इसी वजह से उदयपुर शहर के सभी नालों, नहरों और पानी बहने वाले रास्तों की लगातार सफाई की जा रही है और अधिकारी खुद इसका निरीक्षण कर रहे हैं। शहर में जहां से भी पानी रुकने या पेड़ गिरने जैसी रुकावट की खबर मिलती है, वहां निगम की टीम तुरंत पहुंचकर कार्रवाई कर रही है। नालों और नहरों में नहीं फेंके कचरा नगर निगम आयुक्त ने उदयपुर के आम लोगों से भी इस व्यवस्था में सहयोग करने की अपील की। उन्होंने कहा- बारिश के दिनों में कोई भी नागरिक नालों या नहरों में कचरा और गंदगी न फेंकें। अगर किसी भी इलाके में जलभराव या नहर जाम होने जैसी समस्या दिखाई दे तो इसकी सूचना नगर निगम को दें।