जयपुर-दिल्ली राष्ट्रीय राजमार्ग-48 पर अब बिना वैध फास्टैग के वाहन चलाना महंगा पड़ सकता है। एनएचएआई ने दौलतपुरा और मनोहरपुर टोल प्लाजा पर बैरियर-फ्री मल्टी लेन फ्री फ्लो प्रणाली लागू कर दी है। इस व्यवस्था में वाहन बिना रुके टोल पार कर सकेंगे, लेकिन यदि वाहन पर वैध फास्टैग नहीं मिला या दूसरे वाहन का फास्टैग लगा हुआ पाया गया तो कार्रवाई तय है। पहले वाहन मालिक को ई-नोटिस मिलेगा, फिर टोल नहीं भरने पर दोगुना शुल्क देना होगा। इसके बाद भी भुगतान नहीं हुआ तो 14 दिन बाद वाहन को वाहन पोर्टल पर ब्लैकलिस्ट कर दिया जाएगा। ब्लैकलिस्ट होने के बाद आरटीओ और डीटीओ कार्यालयों में वाहन की फिटनेस, स्वामित्व हस्तांतरण, परमिट सहित कोई भी सेवा नहीं मिल सकेगी। एनएचएआई के प्रोजेक्ट डायरेक्टर अजय आर्य ने बताया कि जल्द ही शाहजहांपुर टोल प्लाजा बैरियर-फ्री हो जाएगा। 24 घंटे में ई-नोटिस: बैरियर-फ्री टोल पर वाहन बिना रुके निकल जाएगा, लेकिन यदि फास्टैग वैध नहीं है तो 24 घंटे में मालिक को ई-नोटिस भेजा जाएगा। इसके बाद 72 घंटे के भीतर सामान्य टोल राशि जमा करने का अवसर मिलेगा। यदि इस अवधि में भुगतान नहीं किया गया तो दोगुना टोल जमा कराने का संदेश मोबाइल पर भेजा जाएगा। यह राशि ऑनलाइन लिंक के माध्यम से जमा करनी होगी। इसके बाद भी भुगतान नहीं होने पर 14 दिन बाद वाहन को वाहन पोर्टल पर ब्लैकलिस्ट कर दिया जाएगा, जिससे आरटीओ-डीटीओ में वाहन से जुड़ी सभी सेवाएं बंद हो जाएंगी। एनएचएआई अधिकारियों के अनुसार प्रत्येक वाहन पर उसी वाहन का फास्टैग लगा होना अनिवार्य है। यदि किसी दूसरे वाहन का फास्टैग लगाया गया है तो भी सिस्टम उसे स्वीकार नहीं करेगा और दोगुना टोल वसूला जाएगा। हाई-स्पीड कैमरे वाहन की नंबर प्लेट पढ़कर उसी के आधार पर फास्टैग का मिलान करते हैं। एचएसआरपी नहीं तो भी बढ़ सकती है परेशानी हाईवे पर चलने वाले वाहनों पर हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट (एचएसआरपी) होना भी जरूरी है। हाई-स्पीड कैमरे एचएसआरपी नंबर प्लेट को आसानी से पढ़ लेते हैं। यदि वाहन पर साधारण नंबर प्लेट लगी है और कैमरा नंबर स्पष्ट नहीं पढ़ पाता तो वाहन बिना वैध फास्टैग की श्रेणी में आ सकता है। ऐसे मामलों में भी दोगुना टोल वसूला जा सकता है। अब टोल पर नहीं लगेंगी लंबी कतारें दौलतपुरा और मनोहरपुर टोल प्लाजा पर बैरियर हटने के बाद पीक आवर्स और छुट्टियों के दौरान लगने वाली लंबी कतारें लगभग खत्म हो गई हैं। वाहन बिना रुके गुजर रहे हैं, जिससे यात्रा का समय कम होने के साथ टोल संचालन भी तेज हुआ है। शाहजहांपुर टोल पर भी यही व्यवस्था लागू होने के बाद जयपुर से दिल्ली के बीच सफर करने वाले वाहन चालकों को बड़ा फायदा मिलेगा। दौलतपुरा टोल से प्रतिदिन करीब 21 हजार और मनोहरपुर टोल से करीब 40 हजार वाहन गुजरते हैं। दोनों टोल प्लाजा से प्रतिदिन करीब 70 लाख रुपए का राजस्व प्राप्त हो रहा है। पीक आवर्स में 2 मिनट तक समय की बचत एमएलएफएफ प्रणाली लागू होने के बाद सामान्य दिनों में प्रति वाहन 50 से 55 सेकंड और व्यस्त समय में 1 से 2 मिनट तक की बचत हो रही है। पूरी तरह बैरियर-फ्री व्यवस्था लागू होने के बाद टोल पर रुकने की जरूरत नहीं रहेगी और प्रतीक्षा समय लगभग समाप्त हो जाएगा।