श्रीगंगानगर| श्रीगंगानगर और हनुमानगढ़ जिले में पंजाब से आने वाले प्रदूषित पानी से कैंसर के बढ़ते मामलों को लेकर समाजसेवी अशोक चांडक ने केंद्रीय जल शक्ति मंत्री और मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा को पत्र भेजा है। इसमें चांडक ने बताया है कि पंजाब की औद्योगिक इकाइयों का रसायनयुक्त पानी और सीवरेज सतलुज व व्यास नदियों में मिल रहा है। यही पानी राजस्थान की नहरों के जरिए पेयजल के रूप में इस्तेमाल हो रहा है। उन्होंने बताया कि 10 जिलों की करीब 2 करोड़ आबादी को गंगनहर, भाखड़ा नहर और इंदिरा गांधी नहर से पानी मिलता है। 7 अप्रैल को हरि के हैड वर्क्स के पास बड़ी संख्या में मछलियां मृत मिलने की घटना का भी जिक्र किया है। चांडक ने प्रदूषित पानी पर रोक लगाने के लिए सख्त कदम उठाने की मांग की।