अजमेर पुलिस ने साइबर ठगी के लिए बैक अकाउंट खरीदने-बेचने वाले दोनों आरोपियों को गिरफ्तार किया है। क्लॉक टावर थाना पुलिस ने दोनों आरोपियों को शनिवार को कोर्ट में पेश किया, जहां से कोर्ट ने अकाउंट होल्डर को न्यायिक अभिरक्षा (ज्यूडिशियल कस्टडी) में जेल भेज दिया। वहीं, दूसरे आरोपी को दो दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया है। पुलिस मामले की पूछताछ में जुटी है। यह कार्रवाई म्यूल हंटर अभियान के तहत की गई है। क्लॉक टावर थाना प्रभारी भीखाराम काला ने बताया कि अजमेर एसपी हर्षवर्धन अग्रवाला के निर्देशन पर म्यूल हंटर अभियान चलाया जा रहा है। साइबर ठगी में इस्तेमाल होने वाले एक अकाउंट होल्डर के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था। मामले में टीम ने कार्रवाई करते हुए भूणाबाय निवासी राहुल रावत (21) पुत्र बाबू सिंह को गिरफ्तार किया, जिससे मामले में गहनता से पूछताछ की जा रही है। अकाउंट बेचने वाला गिरफ्तार, रिमांड पर थाना प्रभारी ने बताया कि आरोपी अकाउंट होल्डर राहुल से मामले में पूछताछ की गई। पूछताछ में सामने आया कि उसने अपना अकाउंट 10 हजार रुपए में कोटड़ा निवासी एक व्यक्ति को बेचा था। इसके बाद टीम ने कार्रवाई करते हुए कोटड़ा निवासी देवराज (22) को गिरफ्तार किया है। पुलिस पूछताछ में आरोपी ने आरोपी राहुल से अकाउंट खरीदने के बात कबूली है। पुलिस की प्रारंभिक जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी इसी तरह अन्य लोगों के अकाउंट खरीद कर साइबर ठगी के लिए आगे बेचा करता है। जिसका पूरे राजस्थान में कनेक्शन है। आरोपी को रिमांड पर लेकर पूछताछ की जा रही है। अजमेर से जुड़ी ये खबर भी पढ़िए… अजमेर के बैंक खाते से फ्रॉड,अकाउंट होल्डर के खिलाफ FIR:ठगी के लाखों रुपए किए ट्रांसफर; टेलीग्राम, इंस्टाग्राम और फर्जी स्कीम से करते थे धोखाधड़ी अजमेर में एक संदिग्ध बैंक खाते से साइबर फ्रॉड होने का मामला सामने आया है, जिसे लेकर संदिग्ध बैंक खाते के अकाउंट होल्डर पर मुकदमा दर्ज किया है। जिले में साइबर अपराध के खिलाफ चलाए जा रहे ‘म्यूल हंटर’ अभियान के तहत क्लॉक टॉवर थाना पुलिस ने कार्रवाई की है। पढ़ें पूरी खबर