राजस्थान लोक सेवा आयोग (RPSC) की SI भर्ती परीक्षा रविवार को हुई। पहले दिन करीब 60 प्रतिशत अभ्यर्थी परीक्षा में शामिल हुए। पहली पारी का एग्जाम सुबह 11 से एक बजे तक हुआ। दूसरी पारी की परीक्षा दोपहर 3 से 5 बजे तक हुई। पहली पारी में कुल 60.38 प्रतिशत अभ्यर्थी एग्जाम देने पहुंचे। वहीं, दूसरी पारी में उपस्थिति 59.96 प्रतिशत रही। जोधपुर के बासनी तंबोलिया सेंटर से SI भर्ती -2025 की परीक्षा देकर निकल रहे एक अभ्यर्थी को SOG ने गिरफ्तार कर लिया। परीक्षा में बायोमेट्रिक जांच में सामने आया कि अभ्यर्थी SI भर्ती- 2021 मामले फरार चल रहा है। भरतपुर में एग्जाम खत्म होने के बाद बस स्टैंड पर भीड़ हो गई। कुछ कैंडिडेट्स खिड़की से बस में घुसे। इस दौरान धक्का-मुक्की भी हुई। झुंझुनूं जिले के चिड़ावा के गिन्नीदेवी सत्यनारायण सेखसरिया गर्ल्स P.G. कॉलेज पर दूसरी पारी के दौरान एक युवती को एक मिनट की देरी से पहुंचने पर एंट्री नहीं मिली। युवती परीक्षा केंद्र के बाहर ही बेसुध हो गई। वहीं नागौर में पहली पारी की परीक्षा के बाद खाना खाने गई दो छात्राएं देरी से सेंटर पर पहुंचीं। गेट पर तैनात सुरक्षा कर्मियों ने दोनों को एंट्री नहीं दी। एग्जाम के लिए 26 जिलों के 41 शहरों में सेंटर्स बनाए गए हैं। इन केंद्रों पर दो दिन में 7 लाख से ज्यादा कैंडिडेट के परीक्षा देने का अनुमान है। साल 2021 की सब इंस्पेक्टर भर्ती परीक्षा नकल और पेपरलीक के कारण रद्द हो गई थी। इसलिए इस बार परीक्षा में सुरक्षा को लेकर कड़े इंतजाम किए गए हैं। पहली पारी की एंट्री के दौरान सख्त चेकिंग को लेकर कैंडिडे्स ने आयोग पर सवाल उठाए हैं। बिना जूते ही दिया प्रवेश, महिला कैंडिडेट परेशान नागौर में एक सेंटर पर एंट्री के दौरान मोबाइल अंदर ले जाने को लेकर पुलिसकर्मियों-सेंटर स्टाफ में विवाद हो गया। करीब आधा घंटे तक बहसबाजी के बाद स्टाफ को पर्सनल सामान अंदर ले जाने की परमिशन मिली। अजमेर में सेंटर्स की जांच के लिए पहुंचे आरपीएससी सचिव ने खुद कैंडिडेट के एडमिट कार्ड जांचे। उन्होंने एक कैंडिडेट के हाथ पर बंधे लाल धागे को लेकर कहा कि- इसे पहनने से सिलेक्शन नहीं होता है। अलवर में जूते पहनकर आए कैंडिडेट को भी रोक दिया गया। फुल स्लीव्स की शर्ट और जूते उतारने के बाद ही कैंडिडेट को अंदर भेजा गया। सीकर के एस के स्कूल के सेंटर पर महिला कैंडिडेट को ज्वेलरी उतारने के बाद ही एंट्री दी गई। अलवर में ही देरी से पहुंचने के लिए एक महिला कैंडिडेट को प्रवेश नहीं मिला। उसने नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि- 2 मिनट की ही तो देर हुई है, कलेक्टर-एसपी भी देर से आते हैं। लेट पहुंचे कैंडिडेट अंदर जाने की गुहार लगाते रहे पहली पारी के लिए एंट्री का टाइम खत्म होते ही सेंटर्स के गेट बंद कर दिए गए। जयपुर में एक महिला कैंडिडेट 10 बजे के बाद पहुंची तो सुरक्षाकर्मियों ने उसे प्रवेश नहीं दिया। उसने कहा कि उसका व्रत था, इसलिए कहानी सुनने में लेट हो गई। वहीं, भीलवाड़ा के राजेंद्र मार्ग में तीन कैंडिडेट आखिरी सेकेंड में दौड़ते हुए पहुंचे, लेकिन गेट बंद हो गया। वे काफी देर तक गुहार करते रहे, लेकिन प्रवेश नहीं मिला। पहली पारी में शामिल हुए 1607 कैंडिडेट दूसरी पारी में नहीं पहुंचे परीक्षा के पहले दिन 3 लाख 85 हजार 20 कैंडिडेट्स रजिस्टर्ड थे। पहली पारी में 3 लाख 32 हजार 470 अभ्यर्थी शामिल हुए। दूसरी पारी में 2 लाख 30 हजार 863 अभ्यर्थियों ने परीक्षा दी। सभी कैंडिडेट्स को दोनों पारियों में शामिल होना था। लेकिन 1607 कैंडिडेट्स ऐसे थे, जिन्होंने पहली पारी में एग्जाम दिया, लेकिन दूसरी पारी में शामिल नहीं हुए। अब देखिए- परीक्षा केंद्र के बाहर के PHOTOS… डिवाइस की पहचान के लिए स्पेशल ट्रेनिंग राजस्थान के 26 जिलों के 41 शहरों में 1174 परीक्षा केंद्रों पर लगभग 7.70 लाख कैंडिडेट्स शामिल होंगे। ये भर्ती 1015 पदों के लिए है। आयोग का दावा है कि जांच में नियुक्त पुलिसकर्मियों को विशेष प्रशिक्षण दिया गया। इसमें विशेषज्ञों और ईएनटी डॉक्टरों द्वारा पुलिसकर्मियों को ब्लूटूथ उपकरणों, विग, चश्मों में छिपे कैमरे और कान में लगने वाली सूक्ष्म डिवाइसों की पहचान करना बताया। …. एसआई भर्ती-2021 रद्द ही रहेगी:हाईकोर्ट की एकलपीठ का फैसला बरकरार; कहा- आयोग में राजनीतिक नियुक्तियां नहीं होनी चाहिए