सलूम्बर जिले में "शुद्ध आहार–मिलावट पर वार" अभियान के तहत खाद्य सुरक्षा विभाग ने गुरुवार को बड़ी कार्रवाई की। विभाग की टीम ने परशुराम चौक, अदकालिया स्थित मैसर्स विजवा ट्रेडिंग कंपनी पर छापा मारकर करीब 7000 किलोग्राम अवधि पार (एक्सपायर्ड) चाय पत्ती जब्त की। जब्त चाय की अनुमानित बाजार कीमत करीब 19 लाख रुपए बताई जा रही है। खाद्य सुरक्षा विभाग ने मिलावट और दोबारा पैकिंग की आशंका के चलते अलग-अलग बैचों से चाय पत्ती के 5 नमूने लिए हैं, जिन्हें जांच के लिए जन स्वास्थ्य प्रयोगशाला भेजा गया है। एक्सपायर्ड चाय की दोबारा पैकिंग का आरोप खाद्य सुरक्षा अधिकारी घनश्याम सिंह सोलंकी ने बताया कि निरीक्षण के दौरान फर्म में 198 बैगों में एक्सपायर्ड चाय पत्ती मिली। जांच में सामने आया कि इस चाय को मशीनों से अलग-अलग पैकिंग में भरकर "वाघसवरी" ब्रांड के नाम से बाजार में बिक्री के लिए तैयार किया जा रहा था। उन्होंने बताया कि कार्रवाई जिला कलेक्टर मोहम्मद जुनेद और मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी एवं अभिहित अधिकारी (खाद्य सुरक्षा) डॉ. परमार के निर्देशन में की गई। विभाग के अनुसार, जांच के दौरान फर्म के पास रिटेल श्रेणी का लाइसेंस पाया गया, जबकि वहां पैकिंग और निर्माण का कार्य किया जा रहा था। इसके अलावा, कर्मचारियों के स्वास्थ्य प्रमाण पत्र और पेस्ट कंट्रोल प्रमाण पत्र भी उपलब्ध नहीं मिले। विभाग ने बताया कि एक्सपायर्ड खाद्य सामग्री को निर्माता कंपनी को वापस भेजने संबंधी कोई दस्तावेज भी फर्म संचालक की ओर से प्रस्तुत नहीं किए गए। इम्प्रूवमेंट नोटिस होगा जारी डॉ. परमार ने बताया कि फर्म को खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम-2006 की धारा-32 के तहत इम्प्रूवमेंट नोटिस जारी किया जाएगा। निर्धारित समय में कमियां दूर नहीं करने पर फर्म का लाइसेंस निरस्त कर नियमानुसार कठोर कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने उपभोक्ताओं से अपील की कि वे खाद्य सामग्री खरीदते समय उसकी गुणवत्ता, पैकिंग और वैधता की जांच जरूर करें। साथ ही किसी भी संदिग्ध खाद्य उत्पाद की जानकारी मिलने पर खाद्य सुरक्षा विभाग को सूचित करें। इस कार्रवाई में प्रशिक्षु खाद्य सुरक्षा अधिकारी राकेश पुष्करणा, निशा मीणा और सहायक शूरवीर सिंह भी शामिल रहे।