सीकर में वकीलों ने 2 मामलों को लेकर उपभोक्ता आयोग अध्यक्ष के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। एडवोकेट पुरुषोत्तम शर्मा ने बताया कि जिला उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग के अध्यक्ष की कार्यशैली से नाराज होकर वकीलों ने कार्य बहिष्कार का ऐलान किया। वहीं, दूसरी ओर एक वकील के साथ हुई मारपीट के आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं होने को लेकर भी वकील आक्रोशित हैं। एडवोकेट शर्मा ने बताया- आयोग अध्यक्ष अजय बंसल की कार्यशैली के विरोध में 3 जुलाई से वकील कार्य बहिष्कार कर रहे हैं। बार एसोसिएशन का आरोप है कि अध्यक्ष अजय बंसल जब से नियुक्त हुए हैं, तब से कोर्ट में लंबित पत्रावलियों में बिना किसी सुनवाई के, क्षेत्राधिकार से बाहर जाकर मनमर्जी से कानून के खिलाफ फैसले कर रहे हैं। दुर्व्यवहार का आरोप सीकर बार एसोसिएशन का आरोप है कि अध्यक्ष बंसल लगातार वकीलों और अदालत में आने वाले आम पक्षकारों के साथ दुर्व्यवहार करते हैं। एसोसिएशन के प्रतिनिधिमंडल ने इस संबंध में पहले भी अध्यक्ष और उच्च अधिकारियों को ज्ञापन दिए। हाल ही वकीलों का एक दल सुधार की मांग को लेकर अध्यक्ष से मिला था, लेकिन उनके व्यवहार में कोई बदलाव नहीं आया। इसी दुर्व्यवहार से नाराज होकर एसोसिएशन ने कार्य बहिष्कार का फैसला लिया। वहीं सीकर के बलारां थाना इलाके में एक वकील के साथ हुई मारपीट मामले में आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं होने से वकील लामबंद हैं। सीकर बार एसोसिएशन के अध्यक्ष दामोदर माटोलिया ने बताया- 1 अप्रैल को एडवोकेट स्वप्निल शर्मा के साथ मारपीट हुई थी। इस संबंध में 18 अप्रैल को बलारां थाने में नामजद मुकदमा दर्ज कराया गया था। एफआईआर दर्ज हुए ढाई महीना बीत जाने के बाद भी पुलिस ने अभी तक सभी नामजद आरोपियों को गिरफ्तार नहीं किया।