श्रीगंगानगर में लंबे समय से बारिश नहीं होने से गर्मी और उमस ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी है। वहीं खरीफ की फसलें भी नमी की कमी से प्रभावित होने लगी हैं। मौसम विभाग ने 21 से 23 जुलाई तक श्रीगंगानगर और हनुमानगढ़ जिले के लिए बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है। विभाग के अनुसार 23 जुलाई से मानसून के फिर से सक्रिय होने की संभावना है। अगर अगले कुछ दिनों में अच्छी बारिश नहीं हुई तो नरमा, कपास, मूंग और ग्वार की फसलों को बड़ा नुकसान हो सकता है। 21 से 23 जुलाई तक येलो अलर्ट, 23 से मानसून एक्टिव होने की संभावना मौसम विभाग ने श्रीगंगानगर और हनुमानगढ़ जिले में 21 से 23 जुलाई तक बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है। इस दौरान कहीं हल्की से मध्यम तो कहीं तेज बारिश होने की संभावना जताई गई है। विभाग का अनुमान है कि 23 जुलाई से मानसून दोबारा सक्रिय हो सकता है। उमस और 40 डिग्री से ज्यादा तापमान ने बढ़ाई परेशानी सोमवार सुबह श्रीगंगानगर में आसमान में बादल छाए रहे, लेकिन उमस का असर लगातार बना रहा। बारिश नहीं होने से पिछले कई दिनों से अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से ऊपर दर्ज किया जा रहा है। जिलेभर में बिजली कटौती के कारण लोगों की परेशानी और बढ़ गई है। तापमान में नहीं मिल रही राहत मौसम राडार स्टेशन, श्रीगंगानगर पर सोमवार सुबह न्यूनतम तापमान 32.0 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। रविवार को न्यूनतम तापमान 31.8 डिग्री और अधिकतम 41.4 डिग्री रहा। वहीं शनिवार को न्यूनतम तापमान 31.3 डिग्री और अधिकतम 42.5 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। 4 लाख हेक्टेयर खरीफ फसलों को बारिश का इंतजार कृषि विशेषज्ञों का कहना है कि यदि अब अंतिम समय में अच्छी बारिश नहीं हुई तो मूंग और ग्वार की फसल गर्मी से झुलस सकती है। वहीं नरमा (कपास) की फसल भी कमजोर रह जाएगी, जिससे उत्पादन में भारी गिरावट आने की आशंका है। इसका असर केवल किसानों तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि कृषि मजदूरों, मंडी व्यापारियों और पूरे ग्रामीण आर्थिक तंत्र पर भी पड़ेगा। फिलहाल जिले में करीब 4 लाख हेक्टेयर में खड़ी खरीफ फसलों को बारिश की सख्त जरूरत है।