डीग पुलिस ने साइबर ठगी के खिलाफ चलाए जा रहे ‘ऑपरेशन काउंटडाउन’ के तहत बड़ी कार्रवाई करते हुए 7 साइबर ठगों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से 7 एंड्रॉयड मोबाइल फोन और 9 फर्जी सिम कार्ड जब्त किए गए हैं। मोबाइलों की जांच में अब तक करीब 4 लाख रुपए की साइबर ठगी का डेटा सामने आया है। आरोपी ऑनलाइन हथियार-पिस्टल की होम डिलीवरी और पुराने सिक्के-नोट महंगे दामों में खरीदने का झांसा देकर लोगों को ठगते थे। वहीं, खोह थाना पुलिस ने सेना का जवान बनकर ऑनलाइन सामान खरीदने के नाम पर ठगी करने वाले 2 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। कच्चे रास्ते पर छापेमारी, मोबाइल से कर रहे थे ठगी पहाड़ी थाना पुलिस को देर रात गश्त के दौरान मुखबिर से साइबर ठगी की सूचना मिली थी। इसके बाद पुलिस टीम ने मल्हाका रोड से भैसेड़ा, पहाड़ी की ओर जाने वाले कच्चे रास्ते पर छापेमारी की। पुलिस ने मौके पर मोबाइल फोन के जरिए ऑनलाइन ठगी करते हुए साहिन, आरिफ, समीम, साहिल और साजिद को पकड़ा। गिरफ्तार आरोपियों की उम्र 19 से 22 साल के बीच है। ये सभी पहाड़ी थाना क्षेत्र और हरियाणा के फिरोजपुर झिरका इलाके के रहने वाले हैं। फर्जी मोबाइल-सिम बरामद, 4 लाख की ठगी का डेटा तलाशी के दौरान आरोपियों के पास से 5 फर्जी एंड्रॉयड मोबाइल फोन और 7 फर्जी सिम कार्ड बरामद हुए। मोबाइलों की जांच में साइबर ठगी से जुड़ा डेटा मिला, जिसमें अब तक करीब 4 लाख रुपए की ठगी का खुलासा हुआ है। पुलिस ने इस संबंध में पहाड़ी थाने में केस नंबर 287/2026 दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पिस्टल से लेकर पुराने सिक्कों तक, ऐसे बिछाते थे ठगी का जाल पुलिस के अनुसार आरोपी मिलकर मोबाइल फोन के जरिए ऑनलाइन ठगी करते थे। वे लोगों को ऑनलाइन हथियार और पिस्टल बेचने तथा होम डिलीवरी करने का झांसा देते थे। इसके अलावा पुराने सिक्के और नोट महंगे दामों में खरीदने का लालच देकर भी लोगों को अपने जाल में फंसाते थे।
खोह पुलिस ने 2 साइबर ठग पकड़े वहीं, खोह थाना पुलिस ने दो साइबर ठगों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से 2 फर्जी एंड्रॉयड मोबाइल फोन जब्त किए गए हैं। पुलिस के अनुसार दोनों आरोपी खुद को सेना का जवान बताकर ऑनलाइन सामान खरीदने के नाम पर लोगों से ठगी करते थे। पहले 1 रुपए डालकर 2 रुपए लौटाने का भरोसा मुखबिर की सूचना पर 1 सितंबर को पुलिस ने गंडवास से भयाड़ी बांध के पास दो युवकों को मोबाइल फोन से साइबर ठगी करते पकड़ा। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे सेना का जवान बनकर ऑनलाइन सामान बुक करवाते थे। आरोपी पहले पार्टी से क्यूआर कोड में एक रुपए डलवाकर उसके बदले दो रुपए वापस डालने का भरोसा दिलाते थे। इससे सामने वाले का विश्वास जीतने के बाद सामान के बिल का भुगतान करवाकर रकम हड़प लेते थे। इस मामले में खोह थाने में प्रकरण संख्या 215/2026 दर्ज किया गया है। पुलिस आरोपियों से पूछताछ करने के साथ ही गिरोह से जुड़े अन्य साइबर ठगों के बारे में जानकारी जुटा रही है। दो थाना क्षेत्रों में पुलिस की कार्रवाई पहाड़ी थाना पुलिस की कार्रवाई थाना अधिकारी योगेन्द्र सिंह के नेतृत्व में गठित टीम ने की। वहीं खोह थाना पुलिस की कार्रवाई थाना अधिकारी शिवलहरी के नेतृत्व में की गई। कार्रवाई में साइबर सेल डीग की टीम ने भी सहयोग किया।