हनुमानगढ़ में क्रीड़ा भारती ने राष्ट्रीय खेल दिवस के अवसर पर हॉकी के जादूगर मेजर ध्यानचंद की जयंती मनाई। केंद्रीय विद्यालय खेल मैदान में विभिन्न खेलकूद प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में खिलाड़ियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। कोच सुनील सांवरिया ने बताया कि क्रीड़ा भारती के तत्वावधान में आयोजित इन प्रतियोगिताओं में खिलाड़ियों ने पूरी खेल भावना के साथ प्रदर्शन किया। कार्यक्रम के दौरान सभी प्रतिभागियों को फल और मिठाई वितरित की गई, जबकि उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों को पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया। इस अवसर पर क्रीड़ा भारती के जिलाध्यक्ष मदनलाल सुथार और जिला संयोजक दलीप वर्मा ने मेजर ध्यानचंद के जीवन और खेल उपलब्धियों पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि ध्यानचंद ने अपने समर्पण, अनुशासन और अद्वितीय प्रतिभा से भारतीय हॉकी को वैश्विक पहचान दिलाई। वक्ताओं ने खिलाड़ियों से मेजर ध्यानचंद के आदर्शों को अपनाने, खेलों में निरंतर मेहनत करने और देश का नाम रोशन करने का आह्वान किया। उन्होंने जोर दिया कि खेल केवल शारीरिक स्वास्थ्य ही नहीं, बल्कि अनुशासन, आत्मविश्वास, नेतृत्व क्षमता और टीम भावना का भी विकास करते हैं। वक्ताओं ने बच्चों और युवाओं को नियमित रूप से खेल मैदान से जुड़कर अपनी प्रतिभा निखारने की सलाह दी। इस कार्यक्रम में सुरेंद्र शीलू, दलजीत सिंह, राष्ट्रीय पैरा कबड्डी खिलाड़ी चेतराम, अंतरराष्ट्रीय वॉलीबॉल खिलाड़ी विक्रम सिंह मान, योग प्रशिक्षक रमेश अरोड़ा, प्रवीण सहित पचास से अधिक खिलाड़ी, प्रशिक्षक और खेलप्रेमी उपस्थित रहे।