जयपुर में शनिवार को द इंस्टीट्यूट ऑफ चार्टर्ड अकाउंटेंट्स ऑफ इंडिया (ICAI) की सेंट्रल इंडिया रीजनल काउंसिल की ओर से दीक्षांत समारोह आयोजित किया गया। मानसरोवर स्थित टैगोर इंटरनेशनल स्कूल कैंपस के दीप स्मृति ऑडिटोरियम में हुए कार्यक्रम में 444 नए चार्टर्ड अकाउंटेंट्स को मेंबरशिप सर्टिफिकेट दिए गए। वहीं, संस्थान के 7 रैंक होल्डर्स को भी सम्मानित किया गया। समारोह में ICAI की सेंट्रल काउंसिल के सदस्य और कार्यक्रम के समन्वयक सीए सतीश कुमार गुप्ता और सीए डॉ. रोहित रूवाटिया अग्रवाल ने नवयोग्य सीए को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि सीए बनना केवल एक पेशेवर योग्यता हासिल करना नहीं है, बल्कि इसके साथ बड़ी जिम्मेदारी भी आती है। दोनों ने नए सीए को ईमानदारी, अनुशासन और लगातार सीखते रहने के साथ आगे बढ़ने की सलाह दी। मेहनत और अनुशासन से मिली सफलता सीए सतीश कुमार गुप्ता ने नए सीए को बधाई देते हुए कहा कि चार्टर्ड अकाउंटेंसी देश की आर्थिक व्यवस्था से जुड़ा महत्वपूर्ण पेशा है। सीए की जिम्मेदारी है कि वह अपने काम में ईमानदारी और पारदर्शिता बनाए रखे। उन्होंने कहा कि युवा सीए अपने काम में प्रोफेशनल एथिक्स को प्राथमिकता दें और नई चीजें सीखते रहें। उन्होंने कहा कि शिक्षा का मतलब सिर्फ डिग्री हासिल करना नहीं है। अपनी जानकारी और क्षमता का इस्तेमाल समाज और देश के विकास में करना भी जिम्मेदारी है। उन्होंने नए सदस्यों को अनुशासन और समर्पण के साथ आगे बढ़ने की शुभकामनाएं दीं। आर्थिक क्षेत्र में सीए की अहम भूमिका सीए डॉ. रोहित रूवाटिया अग्रवाल ने कहा कि बदलते आर्थिक माहौल में चार्टर्ड अकाउंटेंट्स की भूमिका लगातार बढ़ रही है। टैक्स, अकाउंटिंग, ऑडिट, वित्तीय प्रबंधन और कॉरपोरेट गवर्नेंस जैसे क्षेत्रों में सीए महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने कहा कि नए सीए की यह सफलता कई साल की मेहनत और अनुशासन का नतीजा है। उन्होंने उम्मीद जताई कि सभी नवयोग्य सीए अपनी जानकारी और स्किल का इस्तेमाल देश और समाज के हित में करेंगे। परिवारों को भी दी बधाई समारोह में नए सीए के अभिभावकों और परिवार के सदस्यों को भी बधाई दी गई। कार्यक्रम में रैंक होल्डर्स और नवयोग्य सीए की उपलब्धियों की सराहना की गई। वक्ताओं ने युवाओं को आने वाली चुनौतियों का आत्मविश्वास के साथ सामना करने और अपने पेशे में जिम्मेदारी के साथ आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया।