फलोदी में 44 दिन पहले कार में मिले शव का खुलासा पुलिस ने किया। जांच में सामने आया कि यह रहस्यमय मौत नहीं, बल्कि ट्रांसफार्मर से तेल चोरी के दौरान करंट लगने से हुई मौत थी। करंट लगने के बाद साथी उसे अस्पताल ले जाने के बजाय कार में डालकर फलोदी ले आया और शव सड़क किनारे छोड़कर फरार हो गया। यह घटना 21 जुलाई की रात धोलासर गांव की है, जबकि शव 22 जुलाई सुबह फलोदी की बरकत कॉलोनी में सड़क किनारे कार में मिला था। जांबा थाना प्रभारी और जांच अधिकारी देवाराम ने बताया - पुलिस जांच में सुनील और अशोक के धोलासर जाने की बात सामने आई। वहां उन्होंने ट्रांसफार्मर से तेल चोरी की कोशिश की थी। जांच के दौरान धोलासर में घटनास्थल से एक खाली जरीकन, प्लास, जूते और पानी की पाइप भी मिली। पुलिस के अनुसार, मोटाई निवासी सुनील बिश्नोई(35) अपने साथी अशोक के साथ कार से धोलासर गांव गया था। आरोप है कि दोनों बिजली ट्रांसफार्मर से तेल चोरी करने की फिराक में थे। तेल निकालने के लिए उन्होंने 11 केवी बिजली लाइन काटने की कोशिश की, इसी दौरान सुनील करंट की चपेट में आ गया और उसकी हालत गंभीर हो गई। साथी अस्पताल के बजाय कार में डालकर ले आया फलोदी करंट लगने के बाद साथी अशोक उसे अस्पताल ले जाने के बजाय कार में डालकर फलोदी ले आया। उसने करीब 30 किलोमीटर दूर बरकत कॉलोनी में कार सड़क किनारे खड़ी की और सुनील को पिछली सीट पर छोड़कर वहां से भाग गया। अगली सुबह लोगों ने देखा शव अगली सुबह 22 जुलाई को लोगों ने सड़क किनारे खड़ी कार में शव देखा और तुरंत पुलिस को सूचना दी। फलोदी पुलिस मौके पर पहुंची और एफएसएल व एमओबी टीम को बुलाकर सबूत जुटाए गए। परिवार ने दर्ज कराई थी मर्ग बाद में शव की पहचान मोटाई निवासी सुनील पुत्र लाखुराम बिश्नोई (35) के रूप में हुई। सुनील नागपुर में गैस एजेंसी पर मजदूरी करता था और घटना से करीब दस दिन पहले ही गांव आया था। 21 जुलाई की रात वह महाराष्ट्र नंबर की शिफ्ट कार से अशोक के साथ घर से निकला था। मृतक के परिवार वालों ने फलोदी थाने में मर्ग दर्ज कराई थी। बिजली विभाग के कनिष्ठ अभियंता नीतीश चंद्र प्रसाद ने जांबा थाने में शिकायत दर्ज कराई थी, जिसमें उन्होंने ट्रांसफार्मर से तेल चोरी की कोशिश और बिजली सप्लाई ठप करने का आरोप अज्ञात लोगों पर लगाया था। बिजली विभाग के अनुसार, घटनास्थल से मिले सामानों से ट्रांसफार्मर से तेल निकालने की तैयारी की गई थी। फिलहाल पुलिस ने अशोक को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है और मामले की जांच जारी है।