महातीर्थराज श्री सम्मेद शिखरजी की पावन तीर्थ वंदना के लिए वात्सल्य वारिधि आचार्य श्री 108 वर्धमान सागर जी महाराज के मंगलमय आशीर्वाद से 4 एवं 5 सितंबर को दो समूहों में करीब 1150 श्रद्धालु टोंक से रवाना होंगे। पदमपुरा पदयात्रा संघ के तत्वावधान में आयोजित यह यात्रा लगातार 18वीं बार आयोजित की जा रही है। तीर्थयात्रा की तैयारियों के क्रम में मंगलवार को साधु-संतों के आहार चौके में उपयोग होने वाली सामग्री एवं राशन सामग्री से भरा एक ट्रक टोंक से श्री सम्मेद शिखरजी के लिए रवाना किया गया। ट्रक को रवाना करने से पूर्व श्रद्धालुओं एवं संघ के सदस्यों ने विधिवत पूजा-अर्चना की तथा ट्रक के आगे नारियल फोड़कर मंगलकामना की। इसके बाद जयकारों के बीच ट्रक को श्री सम्मेद शिखरजी के लिए रवाना किया गया। पदमपुरा पदयात्रा संघ के हुकमचंद देवली वाले एवं पदमचंद कंटान ने बताया कि प्रतिवर्ष की भांति इस वर्ष भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु भगवान के दर्शन एवं तीर्थ वंदना के लिए सम्मेद शिखरजी पहुंचेंगे। दोनों समूह श्री दिगंबर जैन नसिया, टोंक से प्रस्थान कर जयपुर पहुंचेंगे, जहां से रेल मार्ग द्वारा इसरी पारसनाथ होते हुए मधुबन पहुंचेंगे। उन्होंने बताया कि 7 सितंबर को मधुबन से करीब 27 किमी पर्वतीय क्षेत्र की सामूहिक चरण वंदना के लिए श्रद्धालु रवाना होंगे। पवित्र तीर्थ वंदना को लेकर श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह और श्रद्धा का माहौल है। यात्रा को सुचारू एवं व्यवस्थित बनाने के लिए संघ के पदाधिकारी एवं सदस्य लगातार तैयारियों में जुटे हुए हैं। यात्रा की सफलता एवं व्यवस्थाओं को लेकर सुनील आड़रा किराना, वीरेंद्र शिवाड़िया, सुनील आंडरा एनसी टैक्स, राजेश बोरदा, मनोज फागी, सुनील कपड़े, राजेश हाड़ीगांव, अशोक श्यामपुरा, रमेश गोटा, मोनू छामुनिया, संदीप देवली सहित संघ के अन्य सदस्य सक्रिय रूप से व्यवस्थाओं को अंतिम रूप देने में जुटे हुए हैं।