अजमेर शहर में संभावित आपदाओं से निपटने की तैयारियों को परखने के लिए शुक्रवार को मॉक ड्रिल आयोजित की जाएगी, जिसके तहत चेतावनी सायरन बजाया जाएगा और राहत टीमें सक्रिय होकर लाइव अभ्यास करेंगी। कलक्ट्रेट परिसर में नागरिक सुरक्षा को लेकर लाइव बचाव का अभ्यास किया जाएगा। प्रशासन ने सुरक्षा के मद्देनजर शाम 7 बजे के बाद जिला कलेक्ट्रेट में आमजन की एंट्री पूरी तरह बंद रखने का निर्णय लिया है। इस अभ्यास के जरिए आपदा प्रबंधन व्यवस्था की तत्परता और समन्वय की जांच की जाएगी। जिला प्रशासन की ओर से होने वाले इस अभ्यास में विभिन्न सुरक्षा एजेंसियां मिलकर बचाव और राहत कार्यों का प्रदर्शन करेंगी। आपात स्थिति के रूप में बजाया जाएगा सायरन अतिरिक्त जिला कलक्टर एवं नागरिक सुरक्षा के नोडल अधिकारी नरेन्द्र कुमार मीणा ने बताया कि मॉक ड्रिल शुक्रवार शाम 7:30 बजे सायरन के साथ शुरू होगी। सायरन आपात स्थिति के संकेत के रूप में बजाया जाएगा, जिसके बाद नागरिक सुरक्षा स्वयंसेवक और अन्य एजेंसियां मौके पर राहत एवं बचाव कार्यों का लाइव प्रदर्शन करेंगी। अभ्यास के अंत में “ऑल क्लियर” सायरन बजाकर स्थिति सामान्य होने का संकेत दिया जाएगा। इस ड्रिल में जिला प्रशासन, पुलिस, चिकित्सा विभाग, अग्निशमन सेवा और विभिन्न स्वयंसेवी संगठन शामिल रहेंगे। समन्वय और त्वरित कार्रवाई की क्षमता को जांचने के लिए यह अभ्यास किया जा रहा है। सुरक्षा व्यवस्था के तहत शुक्रवार शाम 7 बजे के बाद कलक्ट्रेट परिसर में बाहरी लोगों और वाहनों की आवाजाही पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगी। प्रशासन ने आमजन से अपील की है कि सायरन की आवाज सुनकर घबराएं नहीं और किसी भी तरह की अफवाह पर ध्यान न दें। यह केवल एक अभ्यास है, जिसका उद्देश्य आपातकालीन तैयारियों को मजबूत करना है।