अजमेर के जेएलएन अस्पताल में नर्सिंग कर्मचारियों ने अस्पताल के इमरजेंसी गेट के बाहर अस्पताल के डिप्टी सुपरिटेंडेंट डॉ अमित यादव का पुतला फूंक कर नारेबाजी की। इससे नाराज सुपरिटेंडेंट डॉ अमित यादव अस्पताल के अधिकारियों के साथ धरने पर बैठ गए। उनका कहना है कि पुतला जलाने वाले नर्सिंग स्टाफ का निलंबन हो। इधर नर्सिंग कर्मचारियों ने डॉ अमित यादव पर प्रताड़ना का आरोप लगाया है। नर्सिंग स्टाफ अपनी मांगों को लेकर पिछले दो दिनों से रोजाना दो घंटे कार्य बहिष्कार कर रहे है। उनका कहना है कि अस्पताल प्रशासन उनकी मांगों को सुन नहीं रहा है। प्रशासनिक कर्मचारियों ने नर्सिंग कर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हुए पेन डाउन हड़ताल शुरू कर दी। वहीं, मामले को लेकर डिप्टी सुपरीटेंडेंट की ओर से कोतवाली थाना पुलिस को शिकायत भी दी गई है। नर्सिंग एसोसिएशन का कहना- अधिकारी प्रताड़ित कर रहे नर्सिंग एसोसिएशन के प्रतिनिधि गंगा शरण जाटव ने बताया कि नर्सिंग कर्मचारी लंबे समय से अपनी मांगों को लेकर संघर्ष कर रहे हैं, लेकिन अस्पताल प्रशासन की ओर से समस्याओं का समाधान नहीं किया जा रहा। उन्होंने आरोप लगाया कि डिप्टी सुपरिंटेंडेंट डॉ. अमित यादव की ओर से कर्मचारियों को प्रताड़ित किया जा रहा है। कर्मचारियों की समस्याओं को लेकर कई बार आवाज उठाने के बावजूद सकारात्मक कार्रवाई नहीं हुई। जाटव ने कहा कि जब तक डॉ. अमित यादव को पद से नहीं हटाया जाता और नर्सिंग कर्मचारियों की लंबित मांगों का समाधान नहीं होता, तब तक उनका विरोध जारी रहेगा। कर्मचारियों का कहना है कि वेतन, भत्तों और सेवा संबंधी कई प्रकरण लंबे समय से लंबित हैं, जिनका निस्तारण किया जाना जरूरी है। डिप्टी सुपरिंटेंडेंट का जवाब- 230 में से 165 कर्मचारियों की सैलरी आईडी बनाकर भेजी नर्सिंग कर्मचारियों के आरोपों को खारिज करते हुए डिप्टी सुपरिंटेंडेंट डॉ. अमित यादव ने कहा कि नर्सिंग कर्मचारी पिछले तीन दिनों से बेवजह माहौल खराब कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि राजमेस कर्मचारियों की फाइलें करीब 10 दिन पहले प्राप्त हुई थीं। इनमें 230 में से 165 कर्मचारियों की सैलरी आईडी बनाकर अकाउंट्स शाखा को भेज दी गई हैं। डॉ. यादव के अनुसार, एसीपी और एमएसीपी के मामलों में रिकवरी के बाद प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा चुकी है। चाइल्ड केयर लीव नियमानुसार दी जा रही है, जबकि उनके अनुसार वर्दी भत्ते का भुगतान भी किया जा चुका है। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों की समस्याओं के समाधान के लिए प्रक्रिया चल रही है, इसके बावजूद इमरजेंसी गेट के बाहर बिना अनुमति प्रदर्शन कर पुतला दहन किया गया। डॉ. अमित यादव ने पुतला दहन पर नाराजगी जताते हुए कहा कि इमरजेंसी गेट के बाहर इस तरह का प्रदर्शन करने से मरीजों को परेशानी हुई और अस्पताल का माहौल प्रभावित हुआ। सुपरिटेंडेंट ने कहा- निलंबन नहीं तो कामकाज नहीं डॉ. अमित यादव ने चेतावनी दी कि जब तक पुतला दहन करने वाले कर्मचारियों को निलंबित नहीं किया जाएगा, तब तक प्रशासनिक भवन में कामकाज शुरू नहीं होगा। उन्होंने बताया कि इस संबंध में कोतवाली थाने में शिकायत दी गई है।