बांसवाड़ा-डूंगरपुर सांसद राजकुमार रोत गुरुवार को बांसवाड़ा पहुंचे। कहा- दोनों पार्टियों के बीच अंदरूनी गठबंधन है। दोनों दल अंदरखाने मिलकर कोई बड़ा खेल कर सकते हैं। दोनों पार्टियों की विचारधारा पक्की नहीं है और उनकी राजनीति का मुख्य उद्देश्य सत्ता पर काबिज होना है, न कि बांसवाड़ा या आम जनता का भला करना। कांग्रेस में अभी जो स्थिति बन रही है, उसमें कमल और कांग्रेस दोनों मिक्स हो रहे हैं। अगर चुनाव में त्रिकोणीय मुकाबला होता है तो उस समय की परिस्थितियों के अनुसार समर्थन का फैसला लेंगे। साथ देने वाले पुराने कांग्रेसियों का सम्मान करता हूं रोत ने पुराने दिनों को याद करते हुए कहा कि जब इंडी अलायंस का समय था, तब मूल कांग्रेसियों ने दिल से साथ दिया था। वे आज भी उनका सम्मान करते हैं। हालांकि, उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस में रहने के बावजूद कई लोग लोकसभा चुनाव में भाजपा का प्रचार कर रहे थे। रोत ने कहा - चुनाव में त्रिकोणीय मुकाबला होता है या कोई दूसरी स्थिति बनती है, तो उस समय के हालात और बांसवाड़ा की जनता की भावनाओं को ध्यान में रखकर संगठन समर्थन को लेकर अंतिम फैसला करेगा। पंचायती राज चुनाव के बाद भील प्रदेश की मांग होगी बुलंद सांसद रोत ने कहा - पंचायती राज चुनाव में उनकी पार्टी वार्ड पंच से लेकर सरपंच और जिला प्रमुख तक के पदों पर मजबूती से चुनाव लड़ेगी। क्षेत्र के लोग लंबे समय से अलग भील प्रदेश की मांग कर रहे हैं। आजादी से पहले और बाद में भी कई नेताओं ने इस मांग को उठाया है। रोत ने कहा- अगर पंचायती राज में उनकी पार्टी को जीत मिलती है, तो लाखों लोगों को एकजुट कर दिल्ली और जयपुर कूच किया जाएगा और भील प्रदेश की मांग को बुलंद किया जाएगा।