सलूंबर में भारत आदिवासी पार्टी (BAP) के जिला अध्यक्ष के नेतृत्व में शुक्रवार को कलेक्टर कार्यालय पहुंचकर राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा गया। ज्ञापन में संसद में आदिवासी समुदाय और बांसवाड़ा-डूंगरपुर सांसद राजकुमार रोत के प्रति की गई कथित आपत्तिजनक टिप्पणी पर नाराजगी जताई गई। पार्टी ने कहा कि 30 मार्च 2026 को संसद में वामपंथी उग्रवाद पर चर्चा के दौरान गृह मंत्री अमित शाह द्वारा की गई टिप्पणी जनप्रतिनिधि की गरिमा और आदिवासी समाज की भावनाओं के खिलाफ है। ज्ञापन में "सरेंडर की लिस्ट" जैसी बात को आदिवासी समुदाय को नक्सलवाद से जोड़ने का प्रयास बताया गया। पार्टी ने ज्ञापन के माध्यम से गृह मंत्री अमित शाह से सार्वजनिक स्पष्टीकरण देने, संसद की कार्यवाही से बयान हटाने और भविष्य में ऐसी टिप्पणी न करने का आग्रह किया। ज्ञापन में कहा गया कि बयान से बांसवाड़ा-डूंगरपुर सहित देशभर के आदिवासी, दलित और पिछड़े वर्ग में आक्रोश है। इस दौरान भारत आदिवासी पार्टी के सलूंबर जिला अध्यक्ष, विधानसभा एवं लोकसभा प्रत्याशी सहित जिला कार्यकारिणी के पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे।