भरतपुर में नवजात बेटे का शव लेकर घर लौट रहे पिता की हादसे में मौत हो गई। 15 दिन पहले बच्चे का जन्म हुआ था। प्रीमेच्योर होने के चलते डॉक्टरों ने जयपुर के जे के लॉन हॉस्पिटल रेफर कर दिया था। जहां उपचार के दौरान बच्चे की मौत हो गई। जयपुर से एंबुलेंस से शव लेकर परिवार भरतपुर लौट रहा था। ड्राइवर को झपकी आने से एंबुलेंस आगे चल रहे वाहन से टकरा गई। हादसे में आगे बैठे मासूम के पिता ने मौके पर ही मौत हो गई। वहीं ड्राइवर गंभीर रूप से घायल है। घटना सेवर थाना क्षेत्र के लुधावई का मंगलवार सुबह 5 बजे की है। ASI फतह लाल ने बताया- हादसे में बी-नारायण गेट निवासी हेतराम (29) की मौत हो गई। युवक की पत्नी खुशबू (26), पिता जगदीश (50), चाची गुड्डी (40) को भी चोट आई है। ड्राइवर को बार-बार झपकी आ रही थी फतह लाल ने बताया- सोमवार रात 11 बजे हेतराम और खुशबू के बेटे की मौत हो गई। हेतराम उसकी पत्नी खुशबू , पिता जगदीश और चाची गुड्डी नवजात का शव लेकर एम्बुलेंस से भरतपुर आ रहे थे। ड्राइवर को बार-बार झपकी आ रही थी। इस पर हेतराम ने ड्राइवर को टोका भी था। लुधावई इलाके में अड्राइवर को फिर झपकी आ गई और एंबुलेंस आगे चल रहे वाहन को टक्कर मार दी। टक्कर इतनी तेज थी कि एम्बुलेंस आगे से पूरी तरह डैमेज हो गई। ड्राइवर के साथ आगे बैठे हेतराम की मौके पर मौत हो गई, जबकि ड्राइवर की हालत गंभीर है। उसे RBM में ICU में शिफ्ट किया गया है। ASI फतह लाल ने बताया- घटना की सूचना मिलते ही पुलिस की टीम तुरंत मौके पर पहुंची। जिसके बाद चारों घायलों को तुरंत आरबीएम अस्पताल पहुंचाया गया। ASI फतह लाल ने बताया- हेतराम की पत्नी खुशबू, पिता जगदीश और चाची गुड्डी का इलाज जारी है। हेतराम मजदूरी करता था। यह हेतराम और खुशबू का पहला बच्चा था। हेतराम की पत्नी और पिता को उनके मौत के बारे में नहीं बताया गया है। पुलिस ने हेतराम के शव का पोस्टमार्टम करवाकर शव परिजनों को सौंप दिया है।