बूंदी जिले में जयपुर विद्युत वितरण निगम लिमिटेड (डिस्कॉम) ने बिजली चोरी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए तालेड़ा और के. पाटन क्षेत्र में 36 मामले पकड़े। छापेमारी के दौरान करीब 6.97 लाख रुपए का जुर्माना लगाया गया। वहीं, जिले में बिजली आपूर्ति को और बेहतर बनाने के लिए 33/11 केवी मांगली जीएसएस पर 2.60 मेगावाट क्षमता का नया सोलर पावर प्लांट भी शुरू कर दिया गया है, जिससे चार ग्राम पंचायतों के करीब 20 गांवों को स्थिर व गुणवत्तापूर्ण बिजली मिलेगी। बिजली चोरी पर बड़ी कार्रवाई अधीक्षण अभियंता (एसई) आर. के. बैरवा के निर्देश पर बिजली चोरी रोकने के लिए नोडल अधिकारियों के नेतृत्व में सतर्कता (विजिलेंस) टीमों का गठन किया गया। विद्युत चोरी निरोधक थाना पुलिस के भारी जाप्ते के साथ इन टीमों ने तालेड़ा और के. पाटन उपखंड के विभिन्न क्षेत्रों में अचानक छापेमारी की। दो टीमों ने पकड़े 36 मामले अचानक हुई कार्रवाई से बिजली चोरी करने वालों में हड़कंप मच गया। प्रथम सतर्कता दल ने 16 स्थानों पर बिजली चोरी पकड़ी और करीब 2.97 लाख रुपए का जुर्माना लगाया। वहीं, द्वितीय सतर्कता दल ने 20 मामलों का खुलासा करते हुए लगभग 4 लाख रुपए की पेनल्टी लगाई। इस तरह कुल 36 मामलों में डिस्कॉम ने 6.97 लाख रुपए का जुर्माना लगाया। मांगली जीएसएस पर शुरू हुआ 2.60 मेगावाट सोलर प्लांट जिले की बिजली व्यवस्था को मजबूत करने के लिए 33/11 केवी मांगली जीएसएस पर 2.60 मेगावाट क्षमता का नया सोलर पावर प्लांट सफलतापूर्वक शुरू कर दिया गया है। प्लांट के ग्रिड से जुड़ने के बाद क्षेत्र में लंबे समय से बनी वोल्टेज की समस्या का स्थायी समाधान हो गया है। 20 गांवों को मिलेगा सीधा लाभ इस परियोजना से चार ग्राम पंचायतों के अधीन आने वाले करीब 20 गांवों के उपभोक्ताओं को लाभ मिलेगा। अब दो ब्लॉक आवर की बिजली आपूर्ति के दौरान भी पर्याप्त और स्थिर वोल्टेज उपलब्ध रहेगा, जिससे घरेलू और कृषि उपभोक्ताओं को राहत मिलेगी। डिस्कॉम की चेतावनी अधीक्षण अभियंता आर. के. बैरवा ने कहा कि डिस्कॉम का उद्देश्य उपभोक्ताओं को निर्बाध और गुणवत्तापूर्ण बिजली उपलब्ध कराना है। इसके लिए नए सोलर प्लांट जैसे बिजली ढांचे विकसित किए जा रहे हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि बिजली चोरी किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। आमजन से वैध कनेक्शन लेकर ही बिजली उपयोग करने की अपील करते हुए उन्होंने चेतावनी दी कि चोरी करते पाए जाने पर भारी जुर्माने के साथ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा।