झुंझुनूं शहर के एक वार्ड में बनी सीसी सड़क को प्रशासन घेरे में आ गया है। करीब 10 फीट चौड़ी सड़क के बीचोंबीच बिजली के खंभे छोड़े गए हैं, जिसके कारण हादसे होने का खतरा बढ़ गया है, वहीं आवाजाही के लिए सड़क भी 2 हिस्सों में बंट गई है। वार्ड नंबर 60 में करीब 60 मीटर सड़क को 10 दिन पहले ही डाला गया है, जबकि बाकी सड़क पहले से डली हुई थी, ऐसे में ग्रामीणों ने अब सड़क निर्माण में हुई लापरवाही का विरोध करना शुरू कर दिया है। पहले देखिए- सड़क की 3 तस्वीरें दरअसल, शहर के चूरू बाइपास वार्ड नंबर 60, बीरबल बाजार के सामने वाली गली में सड़क निर्माण के दौरान बिजली के खंभों तक को नहीं हटाया गया। इसके कारण ये खंभे अब नई बनी सड़क के बीचों-बीच खड़े हैं। करीब 10 फीट चौड़ी गली में सड़क का निर्माण किया गया, लेकिन ठेकेदार ने बिजली के खंभों को शिफ्ट नहीं किया, जिससे लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ठेकेदार ने खंभों को छोड़कर उसके चारों ओर सड़क बना दी। स्थानीय निवासियों का कहना है- ये खंभे पिछले 10 सालों से यहां लगे हैं, लेकिन सड़क निर्माण के समय ठेकेदार की नजर इन पर नहीं पड़ी और लापरवाही करते हुए इनके चारों ओर सड़क का निर्माण कर दिया। वार्ड के रहने वाले आबिद का कहना है- सड़क के बीच में खंभे होने से गाड़ियों का यहां से गुजरना मुश्किल हो गया है। रात के समय तेज रफ्तार वाहनों के लिए इन खंभों के कारण हादसे हो सकते हैं। शिफ्टिंग चार्ज बचाने के लिए गलत सड़क बनाई वार्ड निवासी सुरेश कुमार का कहना है- ठेकेदार ने बिजली के खंभे हटाने का खर्च (शिफ्टिंग चार्ज) बचाने के लिए ऐसा निर्माण किया है। हालांकि लोगों के विरोध पर पहुंचे निवर्तमान पार्षद का कहना है कि उनका कार्यकाल 6 महीने पहले ही समाप्त हो चुका है। ठेकेदार बोला- बिजली के खंभे हटाना हमारा काम नहीं मामले में ठेकेदार सुरेश ने कहा- हमारा काम बिजली के पोल या खंभे हटाना नहीं है। जितनी सड़क की अनुमति मिली थी, हमने सड़क डाल दी थी। बिजली बोर्ड खंभे हटा सकता है, लोग उन्हें एप्लीकेशन लिख कर देंगे तो विभाग आगे संज्ञान ले सकता है। हमारा काम सिर्फ सड़क डालना है। स्थानीय लोगों को प्रशासन से मिलकर यह कार्य करवाना चाहिए। अगर बिजली बोर्ड पोल हटवाता है, और पोल की जगह कोई खड्डे बन जाते हैं तो हम स्थानीय लोगों की बात पर वहां सड़क रिपेयर कर देंगे।