दौसा जिले में शनिवार रात करीब 9 बजे शुरू हुआ तूफानी अंधड़ करीब 2 घंटे तक लगातार तबाही मचाता रहा। तेज हवाओं के कारण कई गांवों में टीन-टप्पर उड़ गए, वहीं जगह-जगह नुकसान के बड़े मामले सामने आए। इस दौरान दीवार गिरने से एक महिला मलबे में दबकर गंभीर रूप से घायल हो गई, जबकि कई मवेशी भी इसकी चपेट में आ गए। सालिमपुर गांव में आग की घटना से जुड़ी PHOTOS … बुड़ली गांव में दीवार ढही, महिला गंभीर घायल, भैंस की मौत और कारें क्षतिग्रस्त सिकंदरा क्षेत्र के बुड़ली गांव में शनिवार रात आए भीषण तूफान और अंधड़ ने भारी तबाही मचाई। रामकिशन गुर्जर के मकान की टीनशेड की दीवार तेज हवाओं में ढह गई, जिससे घर में मौजूद महिला शकुंतला देवी मलबे में दबकर गंभीर रूप से घायल हो गई। घायल महिला को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। दीवार गिरने की चपेट में वहां बंधे करीब आधा दर्जन मवेशी भी आ गए, जिनमें से एक भैंस की मौके पर ही मौत हो गई और 3 भैंस गंभीर रूप से घायल हो गईं। ग्रामीण बीरबल गुर्जर ने बताया कि अंधड़ इतना तेज था कि दीवार के पास खड़ी दो कारें भी मलबे की चपेट में आकर बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गईं। घटना के बाद बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंच गए और मलबे में दबे मवेशियों को बाहर निकाला। सालिमपुर में कच्चे घर में आग, 40 बकरियां जिंदा जलीं, 4 लोग झुलसे महवा क्षेत्र के सालिमपुर गांव में तेज आंधी के दौरान संतोषी महावर के कच्चे घर में अचानक आग लग गई, जिससे बड़ा हादसा हो गया। आग में करीब 40 बकरियां जिंदा जल गईं, जबकि 20 बकरियां गंभीर रूप से झुलस गईं। वहीं आग बुझाने के प्रयास में परिवार के 4 लोग भी झुलस गए, जिन्हें इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। घटना के बाद ग्रामीणों ने जेसीबी की मदद से मिट्टी डालकर आग पर काबू पाया। सूचना मिलते ही प्रशासन हरकत में आया और विधायक राजेंद्र मीना ने दमकल, एम्बुलेंस और पुलिस टीम को मौके पर रवाना करवाया। साथ ही पशुपालन विभाग की टीम को भी मौके पर भेजा गया है।