धौलपुर जिले की छह पंचायत समितियों में प्रधान पद के लिए आरक्षण प्रक्रिया बुधवार को पूरी कर ली गई। जिला कलेक्टर श्रीनिधि बीटी की देखरेख में आयोजित आरक्षण प्रक्रिया के दौरान पुराने चक्र के अनुसार प्रधान पदों के लिए आरक्षण निर्धारित किया गया। इसके साथ ही पंचायत समिति सदस्यों और जिला परिषद के 29 वार्डों के सदस्यों के लिए भी लॉटरी प्रक्रिया पूरी की गई। आरक्षण प्रक्रिया के अनुसार बाड़ी पंचायत समिति का प्रधान पद अनुसूचित जाति महिला के लिए आरक्षित किया गया है। वहीं, सरमथुरा पंचायत समिति में प्रधान पद अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) ओपन के लिए निर्धारित हुआ है। सैंपऊ और बसेड़ी पंचायत समितियों में प्रधान पद सामान्य महिला के लिए आरक्षित किए गए हैं, जबकि धौलपुर और राजाखेड़ा पंचायत समितियों में प्रधान पद सामान्य वर्ग ओपन के लिए रखे गए हैं। जिला कलेक्टर श्रीनिधि बीटी ने बताया कि शासन के निर्धारित नियमों एवं पुराने आरक्षण चक्र के आधार पर पूरी प्रक्रिया पारदर्शी तरीके से संपन्न कराई गई। आरक्षण प्रक्रिया के दौरान संबंधित अधिकारियों एवं जनप्रतिनिधियों की मौजूदगी रही। छह पंचायत समितियों के प्रधान पदों के साथ-साथ जिले में पंचायत समिति सदस्य और जिला परिषद के 29 वार्डों के सदस्यों के लिए भी लॉटरी प्रक्रिया पूरी की गई। आरक्षण प्रक्रिया पूरी होने के बाद अब पंचायत चुनावों को लेकर संबंधित क्षेत्रों में राजनीतिक गतिविधियां तेज होने की संभावना है। इससे पहले जिला प्रमुख पद के लिए लॉटरी 13 अगस्त को निकाली जा चुकी है। धौलपुर में यह पद अनारक्षित महिला के लिए तय किया गया है। सरपंच और वार्ड पंच के लिए लॉटरी 24 सितंबर को निकाली जाएगी। इस बार लॉटरी में 50 प्रतिशत पद महिलाओं के लिए आरक्षित किए जाएंगे।