पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे के नाम से फर्जी लेटर और AI से बनाए वीडियो के मामले में 4 आरोपियों को जयपुर कोर्ट में पेश किया गया। कोर्ट ने मोहाली (पंजाब) की रहने वाली अमृता धुमाल को एक दिन की पुलिस रिमांड (PC) पर भेज दिया, जबकि भोपाल के रहने वाले आरोपी निखिल, बिलाल खान और इनाम अहमद को तीन दिन की पुलिस रिमांड पर भेज दिया। ज्योति नगर थाना पुलिस आरोपियों से मामले में पूछताछ करेगी। आरोपियों से AI वीडियो बनाने से लेकर फेक लेटर उपलब्ध करवाने वाले सोर्स के बारे में पूछताछ की जाएगी। DCP साउथ राजर्षि राज ने बताया- कथित वीडियो का मुक़दमा दर्ज हुआ था, जिसके आधार पर इन सभी को गिरफ़्तार किया गया है। हालांकि, वसुंधरा राजे का लेटर किसने सोशल मीडिया पर वायरल किया और किसने उसको तैयार किया, यह जांच का विषय है। फर्जी लेटर और वायरल वीडियो की जांच में पुलिस की चुनौती पुलिस के अनुसार, उनके पास केवल वायरल वीडियो का मामला दर्ज है, जिससे जांच का दायरा सीमित हो गया है। मुख्य सवाल यह है कि वसुंधरा राजे के नाम से फ़र्ज़ी लेटर पर किसने हस्ताक्षर किए। जांच में यह भी पता चला है कि वीडियो AI के माध्यम से बनाया गया था, और संभवतः आरोपी अमृता ने इसे तैयार किया था। इसके बाद, कांग्रेस के तीन IT सेल कार्यकर्ताओं ने इसे सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया। पूर्व मुख्यमंत्री के नाम से संघ प्रमुख भागवत को संबोधित एक फ़र्ज़ी लेटर सोशल मीडिया पर साझा किया गया था। इस लेटर को AI तकनीक की मदद से वीडियो के रूप में भी प्रसारित किया गया। ज्योति नगर थाना पुलिस ने निखिल, बिलाल खान, इनाम अहमद को मध्य प्रदेश के भोपाल से गिरफ्तार किया, जबकि अमृता धुमाल को पंजाब के मोहाली से गिरफ्तार किया गया। चारों को बुधवार को जयपुर लाया गया। पुलिस अब पूरे नेटवर्क और इस फ़र्ज़ी कंटेंट के पीछे शामिल अन्य लोगों की तलाश कर रही है। अब देखिए, फर्जी लेटर विवाद से जुड़ी ये 3 खबरें भी पढ़िए