हवाई हमले की स्थिति से निपटने के लिए शुक्रवार शाम को पाली शहर के बांगड़ कॉलेज में हवाई हमला किए जाने की मॉक ड्रिल की गई। इसमें 25 घायलों को रेस्क्यू किया गया। जबकि गंभीर हालत में हॉस्पिटल ले जाने का भी अभ्यास किया गया। साथ ही शाम 7:30 से 7:40 बजे तक पूरे शहर में ब्लैक आउट भी रहा। दरअसल, नागरिक सुरक्षा विभाग जयपुर के निर्देश पर पाली शहर में शुक्रवार को हवाई हमले की स्थिति से निपटने के लिए संयुक्त मॉक ड्रिल का आयोजन किया गया। इस अभ्यास का उद्देश्य आपदा प्रबंधन तंत्र की तैयारियों को परखना और आमजन में सुरक्षा के प्रति विश्वास मजबूत करना रहा। मॉक ड्रिल के दौरान बांगड़ कॉलेज में एयर स्ट्राइक की काल्पनिक सूचना मिलते ही पुलिस, प्रशासन, सिविल डिफेंस, मेडिकल और अन्य संबंधित टीमें तुरंत मौके पर पहुंची। सभी ने समन्वय के साथ राहत और बचाव कार्य करते हुए स्थिति को नियंत्रित करने का अभ्यास किया। 25 घायलों का किया रेस्क्यू अभ्यास में करीब 25 घायलों का परिदृश्य तैयार किया गया, जिन्हें मौके से एम्बुलेंस गंभीर रूप से घायलों को बांगड़ चिकित्सालय में भर्ती करवाया गया। मौके पर पुलिस बल की पर्याप्त तैनाती रही और सुरक्षा के सभी इंतजाम सुनिश्चित किए गए। इस मौके पर जिला कलेक्टर डॉ. रविन्द्र गोस्वामी, अतिरिक्त जिला कलेक्टर डॉ. बजरंग सिंह, उपखंड अधिकारी विमलेन्द्र राणावत, नगर निगम आयुक्त नवीन भारद्वाज सहित विभिन्न विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे। अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर व्यवस्थाओं का जायजा लिया और आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। मॉक ड्रिल में पुलिस, अग्निशमन, मेडिकल टीम, एसडीआरएफ, सिविल डिफेंस, क्यूआरटी और एम्बुलेंस सेवाओं ने सक्रिय भागीदारी निभाई। जिला कलेक्टर डॉ. रविन्द्र गोस्वामी ने बताया कि मॉकड्रिल का मुख्य उद्देश्य आपातकालीन परिस्थितियों में विभिन्न विभागों के बीच समन्वय को परखना और नागरिकों में विश्वास उत्पन्न करना है। इस तरह के अभ्यास से न केवल प्रशासन की तैयारी मजबूत होती है, बल्कि आपदा के समय त्वरित और प्रभावी प्रतिक्रिया सुनिश्चित की जा सकती है। पाली शहर में 10 मिनट तक ब्लैकआउट पाली शहर में शाम 7:30 बजे से 7:40 बजे तक 10 का ब्लैकआउट किया गया। इस दौरान शहर में व्यावसायिक प्रतिष्ठानों व मकानों में दस मिनट तक अंधेरा रहा। इस दौरान आमजन का पूरा सहयोग रहा।