जयपुर के सवाई मानसिंह (SMS) अस्पताल के डॉक्टरों ने 29 साल के युवक के कटे हुए प्राइवेट पार्ट को ऑपरेशन के जरिए दोबारा जोड़ दिया है। 31 मई को प्रेमिका ने युवक के प्राइवेट पार्ट को ब्लेड से काट दिया था। पुलिस जांच में सामने आया था कि युवक ने बिना बताए चुपचाप दूसरी जगह शादी कर प्रेमिका को धोखा दिया था, इससे नाराज प्रेमिका ने प्रेमी पर हमला किया था। घटना के करीब 4 घंटे के भीतर युवक को एसएमएस अस्पताल के ट्रॉमा सेंटर लाया गया। मरीज की गंभीर हालत को देखते हुए प्लास्टिक और रीकंस्ट्रक्टिव सर्जरी विभाग की टीम ने तुरंत ऑपरेशन का फैसला लिया और उसी रात इमरजेंसी सर्जरी की। यह जटिल ऑपरेशन विभागाध्यक्ष डॉ. राकेश कुमार जैन के मार्गदर्शन में यूनिट हेड डॉ. संगीता ठाकुरानी की टीम ने किया। विभागाध्यक्ष डॉ. राकेश कुमार जैन ने बताया कि सर्जरी के दौरान कटे हुए यूरिन पाइप (मूत्रमार्ग) और क्षतिग्रस्त टिश्यूज़ (ऊतकों) को बहुत ही बारीकी से, स्टेप-बाय-स्टेप जोड़ा गया। ऑपरेशन के बाद डॉक्टरों की टीम लगातार मरीज की निगरानी करती रही। इसी का नतीजा रहा कि अंग ने दोबारा काम करना शुरू कर दिया। करीब 40 दिनों के इलाज के बाद मरीज अब पूरी तरह ठीक है और सामान्य रूप से पेशाब करने में सक्षम है। डॉक्टरों ने स्टेप-बाय-स्टेप जोड़ा विभागाध्यक्ष डॉ. राकेश कुमार जैन ने बताया- सर्जरी के दौरान कटे हुए यूरिन पाइप (मूत्रमार्ग) और क्षतिग्रस्त टिश्यूज़ (ऊतकों) को बहुत ही बारीकी से, स्टेप-बाय-स्टेप जोड़ा गया। ऑपरेशन के बाद डॉक्टरों की टीम लगातार मरीज की निगरानी करती रही। इसी का नतीजा रहा कि अंग ने दोबारा काम करना शुरू कर दिया। करीब 40 दिनों के इलाज के बाद मरीज अब पूरी तरह ठीक है और सामान्य रूप से पेशाब करने में सक्षम है। ऐसे अंगों को भी बचाया जा सकता है विभागाध्यक्ष डॉ. राकेश कुमार जैन ने बताया- ऐसी चोटों में समय सबसे कीमती होता है। अगर मरीज को सही समय पर (शुरुआती कुछ घंटों में) विशेषज्ञ डॉक्टरों के पास पहुँचा दिया जाए, तो कटे हुए अंगों को भी दोबारा जोड़कर बचाया जा सकता है, जिन्हें आमतौर पर लोग बेकार मान लेते हैं। उन्होंने आगे कहा- लोग सोचते हैं कि प्लास्टिक सर्जरी सिर्फ सुंदरता बढ़ाने (कॉस्मेटिक) के लिए होती है, लेकिन ऐसा नहीं है। गंभीर हादसों में अंग कटने, जलने, कैंसर के बाद शरीर के हिस्से को ठीक करने और जन्मजात कमियों को सुधारने में भी प्लास्टिक सर्जरी की बहुत बड़ी भूमिका होती है। डॉक्टरों की अपील: समय बर्बाद न करें यूनिट हेड डॉ. संगीता ठाकुरानी ने कहा- मामले में मरीज को सही समय पर अस्पताल पहुंचा दिया गया, जिससे इलाज सफल रहा। अगर कभी कोई गंभीर हादसा हो, शरीर का कोई अंग कट जाए या गंभीर चोट लगे, तो बिल्कुल भी समय बर्बाद न करें। मरीज को तुरंत ऐसे बड़े अस्पताल ले जाएं जहाँ प्लास्टिक और रीकंस्ट्रक्टिव सर्जरी की सुविधा उपलब्ध हो। ये 2 खबरें भी पढ़िए… शादी से नाराज प्रेमिका ने प्रेमी का प्राइवेट पार्ट काटा:ब्लेड से किया हमला; महिला का आरोप- खुद ने वार किए, बोला- दोनों मर जाते हैं जयपुर में महिला ने ब्लेड से युवक का प्राइवेट-पार्ट काटा:महिला से मिलने पहुंचा परिचित जबरदस्ती करने लगा, एक महीने पहले हुई थी युवक की शादी