जैसलमेर के ढिब्बा पाड़ा में गुरुवार सुबह करीब 8 बजे चाय बनाते समय एक घर में गैस सिलेंडर ने आग पकड़ ली। आग लगने के समय परिवार के सदस्य रसोई में मौजूद थे। आग की लपटें तेजी से कमरे में फैलने लगीं। परिवार और आसपास के लोगों ने पानी और मिट्टी डालकर आग बुझाने की कोशिश की, लेकिन आग पर काबू नहीं पाया जा सका। सूचना मिलने पर फायर ब्रिगेड की गाड़ी मौके पर पहुंची और करीब 30 मिनट की मशक्कत के बाद आग बुझाई। जलते सिलेंडर को सावधानी से घर से बाहर निकाला गया। घटना में कुछ घरेलू सामान और कपड़े जलकर राख हो गए। हादसे में कोई जनहानि नहीं हुई। सुबह चाय बनाते वक्त हुआ हादसा मिली जानकारी के अनुसार, ढिब्बा पाड़ा निवासी गोपीराम नायक पुत्र केशराराम के घर में सुबह करीब 8 बजे रसोई में चाय बनाई जा रही थी। इसी दौरान अचानक गैस सिलेंडर ने आग पकड़ ली। आग लगते ही घर में अफरा-तफरी मच गई। परिजनों के शोर मचाने पर आसपास के पड़ोसी भी मदद के लिए दौड़ पड़े। स्थानीय लोगों ने अपने स्तर पर पानी और मिट्टी डालकर आग बुझाने का प्रयास किया, लेकिन आग का रूप इतना विकराल हो चुका था कि उस पर काबू पाना मुश्किल हो गया। इसके बाद तुरंत फायर ब्रिगेड विभाग को सूचना दी गई। फायर ब्रिगेड कर्मियों और स्थानीय लोगों ने दिखाया साहस सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की गाड़ी मौके पर पहुंची। फायर ब्रिगेड टीम ने लगभग 30 मिनट तक मशक्कत करके आग को शांत किया। इस दौरान घर के भीतर जल रहे सिलिंडर को बेहद सावधानी के साथ बाहर निकाला गया, ताकि किसी भी तरह के बड़े विस्फोट के खतरे को टाला जा सके। हादसे में घर का कुछ घरेलू सामान और कपड़े जलकर राख हो गए, लेकिन गनीमत रही कि हादसे में कोई जनहानि नहीं हुई। समय रहते आग पर नियंत्रण पा लेने से आसपास के घरों तक लपटें नहीं फैली। इस दौरान स्थानीय निवासियों ने भी दमकल टीम का पूरा सहयोग किया। आग बुझाने के राहत कार्य में चांद मोहम्मद, मगाराम, सुमार खान, शेराराम और अहमद कोतवाल ने आगे बढ़कर मदद की और बड़ा नुकसान होने से बचा लिया।