जैसलमेर के हिंगलाज मंदिर जीवणीयाई बगेची में शारदीय नवरात्रि पर गरबा महोत्सव की गूंज सुनाई दे रही है। श्री ब्रह्मक्षत्रिय खत्री समाज गरबा समिति द्वारा आयोजित 9 दिवसीय महोत्सव में महिलाएं, युवतियां और बच्चे पारंपरिक वेशभूषा में भक्ति भाव से गरबा कर रहे हैं। हर शाम की आरती के बाद गरबा पंडाल में डांडियों की खनक के साथ मां के जयकारे गूंज रहे हैं। गरबा समिति अध्यक्ष नमिता डलोरा और उनकी टीम की देखरेख में हो रहा है। भक्ति के गीतों पर थिरकीं युवतियां हिंगलाज मंदिर परिसर में शाम होते ही श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ रही है। 'ओढ़नी उड़े तो पांवागढ़ सू उत्तरी', 'अंबे जय जगदंबे माता', 'केसरिया रंग लाग्यो' और 'पंखीड़ा ने उड़ना जावो' जैसे पारंपरिक गरबा गीतों की धुन पर महिलाओं ने डांडिया खेला। गरबा समिति अध्यक्ष नमिता डलोरा ने बताया कि 9 दिवसीय गरबा महोत्सव का आयोजन समस्त खत्री समाज जैसलमेर के भामाशाहों के सहयोग से किया जा रहा है। आयोजन को सफल बनाने में समिति के सदस्य और पदाधिकारी समर्पित भाव से सहयोग दे रहे हैं। ये रहे मौजूद कलावती डलोरा (संरक्षक), उषा अनिल भूत, योगिता छुछा, भवानी डलोरा (उपाध्यक्ष), धनराज बिछड़ा (कोषाध्यक्ष), रोहित बिछड़ा (सचिव), प्रेमराज बिछड़ा (व्यवस्थापक) और कंचन बिछड़ा। शांति बिछड़ा (मीडिया प्रभारी), भावना डलोरा, कुसुम डलोरा, सिमरन छुछा, आशा बिछड़ा, नीलम गिराछ, सुमन भूत, नूतन डलोरा, जितेन्द्र डलोरा, सुंदरलाल बिछड़ा और चंद्रा दड़ा।