राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड की लिपिक ग्रेड द्वितीय (LDC) भर्ती परीक्षा में संभावित पेपर लीक के मामले को लेकर जैसलमेर में सोमवार को कांग्रेस और एनएसयूआई (NSUI) ने प्रदर्शन किया। कार्यकर्ताओं ने मामले की SOG से निष्पक्ष जांच कराने और दोषियों की तुरंत गिरफ्तारी की मांग को लेकर मुख्यमंत्री के नाम जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा। प्रदर्शन के दौरान राज्य सरकार और परीक्षा प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी भी की गई। NSUI के जिलाध्यक्ष मानाराम के नेतृत्व में बड़ी संख्या में छात्र और युवा हनुमान चौराहे पर एकत्रित हुए। इस दौरान कांग्रेस जिलाध्यक्ष अमरदीन फकीर भी मौजूद रहे। यहां से सभी प्रदर्शनकारी रैली के रूप में कलेक्ट्रेट पहुंचे। युवाओं के विरोध प्रदर्शन को देखते हुए कलेक्ट्रेट परिसर में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे। प्रदर्शनकारियों ने जिला कलेक्टर को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपकर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की। पेपर लीक की आशंका जताई, पारदर्शिता पर उठाए सवाल प्रदर्शन के दौरान वक्ताओं ने कहा कि परीक्षा केंद्र से पेपर बाहर आने की आशंका ने प्रदेश के लाखों बेरोजगार अभ्यर्थियों के भविष्य पर सवाल खड़े कर दिए हैं। उनका आरोप था कि भर्ती प्रक्रिया की पारदर्शिता प्रभावित हुई है और घटना सामने आने के बाद पूरे मामले को दबाने तथा प्रशासनिक अनियमितताओं को छिपाने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने मांग की कि परीक्षा केंद्र पर तैनात पर्यवेक्षकों (इनविजिलेटर) और अन्य परीक्षा कर्मियों की ड्यूटी किसके निर्देश पर लगाई गई, इसकी भी उच्च स्तरीय जांच कराई जाए। कांग्रेस नेताओं ने भी उठाई निष्पक्ष जांच की मांग प्रदर्शनकारियों ने ज्ञापन में उल्लेख किया कि राजस्थान कांग्रेस के प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा, बाड़मेर-जैसलमेर सांसद उम्मेदाराम बेनीवाल और पूर्व कैबिनेट मंत्री सालेह मोहम्मद भी इस मामले की निष्पक्ष जांच की मांग कर चुके हैं। उनका कहना था कि बड़े नेताओं के हस्तक्षेप के बाद अब इस मुद्दे को गंभीरता से लिया जाना चाहिए। SOG जांच नहीं हुई तो आंदोलन की चेतावनी प्रदर्शनकारियों ने मांग की कि पूरे मामले की जांच राजस्थान पुलिस के स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (SOG) से कराई जाए, ताकि सच्चाई सामने आ सके। साथ ही चेतावनी दी कि यदि जांच में दोषी पाए जाने वालों और उनके संरक्षकों के खिलाफ जल्द कार्रवाई नहीं हुई, तो संभाग स्तर पर उग्र आंदोलन किया जाएगा, जिसकी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।