झालावाड़ में जिला प्राइवेट स्कूल्स वेलफेयर सोसायटी के तत्वावधान में शुक्रवार को निजी शिक्षण संस्थानों के संचालकों ने जिला कलेक्टर अजय सिंह राठौड़ को एक ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन के माध्यम से स्कूल संचालकों ने आरटीई (RTE) पुनर्भरण में हो रही अत्यधिक देरी से उत्पन्न वित्तीय आपातकाल और भीषण गर्मी में अघोषित बिजली कटौती की समस्या को प्रमुखता से उठाया। सोसायटी जिलाध्यक्ष उदयभान के नेतृत्व में दिए गए इस ज्ञापन में बताया गया कि सत्र 2025-26 का आरटीई पुनर्भरण भुगतान अभी तक लंबित है, जबकि नया शैक्षणिक सत्र 2026-27 अपनी पूर्ण गति पर आ चुका है। पुनर्भरण राशि नहीं मिलने के कारण स्कूलों के सामने शिक्षकों का मानदेय चुकाने, भवन के रखरखाव और शैक्षणिक संसाधनों की उपलब्धता सुनिश्चित करने का भारी संकट खड़ा हो गया है। संचालकों ने स्पष्ट किया कि निरंतर ऋण लेकर संस्थान चलाना अब उनके लिए व्यावहारिक नहीं रह गया है। उन्होंने कहा कि वे अपने स्टाफ के प्रति दायित्वों का निर्वहन करने में स्वयं को असमर्थ महसूस कर रहे हैं। बिजली कटौती से स्टूडेंट्स को परेशानी स्कूल संचालकों ने कलेक्टर का ध्यान वर्तमान में पड़ रही भीषण गर्मी और उसके बीच हो रही अघोषित विद्युत कटौती से भी अवगत कराया। उन्होंने बताया कि बिजली नहीं होने के कारण स्टूडेंट्स के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है और पठन-पाठन का कार्य बुरी तरह बाधित हो रहा है। बुनियादी सुविधाओं के अभाव में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा का ढांचा खड़ा रखना असंभव प्रतीत हो रहा है। त्वरित कार्रवाई की मांग प्रतिनिधिमंडल ने प्रशासन से कहा कि लंबित आरटीई भुगतान के लिए त्वरित कार्रवाई की जाए। साथ ही, संबंधित विद्युत निगम को यह निर्देशित किया जाए कि स्कूल समय में निर्बाध बिजली आपूर्ति निर्धारित हो सके, ताकि बच्चों को गर्मी से राहत मिले और उनकी पढ़ाई सुचारू रूप से चल सके। ज्ञापन सौंपने के दौरान ये रहे मौजूद कलेक्ट्रेट पर ज्ञापन सौंपने पहुंचे प्रतिनिधिमंडल में सोसायटी के कई पदाधिकारी और स्कूल निदेशक शामिल थे। इनमें मुख्य रूप से रामस्वरूप सुमन, मदन लाल वर्मा, कुणाल गोस्वामी, राजेन्द्र सिंह, राजेन्द्र सिंह सिसोदिया, अरुण कुमार सुमन, कालीचरण सेन, प्रदीप कुमार गुप्ता, निर्मल शर्मा, नवनीत प्रजापति, उदयभान, जॉन सर, अमन शर्मा, सुरेश जोशी, अनन्त शर्मा, मुकेश शर्मा, पूनमचंद गुप्ता, सुधांशु सक्सेना और सुरेश कुमार शर्मा सहित अन्य सदस्य मौजूद रहे।