होम लोन को दूसरी फाइनेंस कंपनी में ट्रांसफर करवाने और किश्त कम करवाने का झांसा देकर एक व्यक्ति से करीब 14 लाख रुपए की ठगी का मामला सामने आया है। शातिर आरोपियों ने मानसिक रूप से कमजोर परिवादी का बैंक डाटा चुराकर उसे अपने जाल में फंसाया। उसके बाद नकद और ऑनलाइन तरीके से भारी रकम ऐंठ ली। पुलिस ने अब कोर्ट के आदेश पर पांच आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। मामला जोधपुर के लूणी थाना क्षेत्र का है। कम किश्त का लालच देकर फंसाया लूणी पुलिस ने बताया कि सर गांव के भूरियों का बास निवासी परमेश्वर सोनी (40) पुत्र स्व. हुकमीचंद सोनी ने रिपोर्ट दर्ज कराई है। रिपोर्ट में बताया गया कि परिवादी ने इंडसइंड बैंक से करीब 6 लाख रुपए का होम लोन ले रखा था। इस दौरान आरोपी तेजसिंह ने परिवादी की मुलाकात कैपरी ग्लोबल कैपिटल लिमिटेड में काम करने वाले ओमसिंह राजपुरोहित से करवाई थी। परिवादी का आरोप है कि आरोपी ओम सिंह राजपुरोहित, मनीष, विनोद और सुशांत ने सुनियोजित तरीके से बैंक से उसका डाटा चुरा लिया और फिर कम किश्त का लालच देकर उसे अपने जाल में फंसा लिया। लोन ट्रांसफर के नाम पर अफसरों को रिश्वत देने का झांसा परिवादी के अनुसार- आरोपी तेजसिंह ने लोन को दूसरी कंपनी में ट्रांसफर करवाने के नाम पर अफसरों को रिश्वत देने का झांसा दिया और 40 हजार रुपये नकद ले लिए। इसके बाद ओमसिंह राजपुरोहित और उसके अन्य साथी परिवादी के घर आए और धोखे से कई खाली फॉर्म व बैंक दस्तावेजों पर उसके हस्ताक्षर करवा लिए। आरोपी अपने साथ परिवादी के घर के असली दस्तावेज भी ले गए, जो अब तक उनके पास ही हैं। फोन पे चलाना नहीं आता था, आरोपियों ने खुद ट्रांसफर किए पैसे परिवादी मानसिक रूप से कमजोर है और उसे 'फोन पे' चलाना नहीं आता था। आरोपियों ने इसी का फायदा उठाया और किश्त जमा करने के बहाने परिवादी के ही मोबाइल से अपने खुद के खातों में पैसे ट्रांसफर कर लिए। आरोपियों ने मनीष के यूपीआई नंबर पर 10,500 रुपए और आरोपी ओमसिंह राजपुरोहित के नंबर पर 58,000 रुपए ऑनलाइन ट्रांसफर किए। इसी तरह आरोपियों ने करीब 14 लाख रुपए की बड़ी राशि टुकड़ों-टुकड़ों में परिवादी और उसकी पत्नी के सामने नकद और ऑनलाइन माध्यम से हड़प ली। घर कब्जा करने की दी धमकी परिवादी ने जब अपने पैसों और दस्तावेजों के बारे में पूछताछ की, तो आरोपियों ने उसे धमकी देना शुरू कर दिया। आरोपियों ने कहा कि यदि उसने और पैसे नहीं दिए तो वे उसके घर पर अवैध रूप से कब्जा कर लेंगे। आखिरकार धमकियों से परेशान होकर उसने 13 मार्च को पुलिस को डाक से शिकायत भेजी थी। सुनवाई नहीं होने पर उसे कोर्ट की शरण लेनी पड़ी। लूणी पुलिस ने अब आपराधिक विश्वासघात और धोखाधड़ी के साथ आईटी एक्ट की धाराओं में मामला दर्ज किया है। इसकी जांच लूणी थाने के एएसआई ओमसिंह को सौंपी गई है।