जोधपुर में एक नाबालिग छात्रा के अचानक लापता होने के तीन दिन बाद भी उसका पता नहीं चल पा रहा। इससे गुस्साए छात्रा के परिजनों और लोगों ने शुक्रवार को माता का थान पुलिस थाने के बाहर रास्ता जाम कर दिया। परिवादी पिता की रिपोर्ट के अनुसार- माता का थान थाना क्षेत्र में 28 अप्रैल को सुबह 7 बजे स्कूल के लिए निकली नाबालिग बेटी अचानक लापता हो गई थी। इसके बाद बेटी वापस नहीं लौटी। परिजनों ने 29 अप्रैल को रिपोर्ट दर्ज कराई। इस पर मामले की गंभीरता देखते हुए माता का थान पुलिस ने अपहरण का मुकदमा दर्ज कर लिया। इस मामले की जांच एएसआई सोहन सिंह को सौंपी गई है। वहीं परिजनों और आक्रोशित लोगों ने पुलिस द्वारा ठोस कार्रवाई नहीं करने का आरोप लगाया है। पुलिस अधिकारियों की समझाइश और जांच में तेजी लाने के आश्वासन के बाद प्रदर्शनकारी शांत हुए और जाम खोला गया। SHO की समझाइश पर माने परिजन छात्रा के लापता होने के इतने दिन बाद भी कोई सुराग नहीं लगने पर परिजन परेशान हैं। बड़ी संख्या में परिजन और क्षेत्रवासी शुक्रवार को माता का थान थाने के बाहर एकत्र हो गए। वहीं उन्होंने मुख्य मार्ग पर रास्ता जाम कर दिया। प्रदर्शनकारियों का आरोप था कि पुलिस मामले में ढिलाई बरत रही है। जाम की सूचना मिलते ही थानाधिकारी मोहम्मद शफीक पुलिस जाब्ते के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने प्रदर्शनकारियों को अब तक की गई जांच की जानकारी दी और जल्द ही छात्रा को डिटेन करने का आश्वासन दिया। इसके बाद भीड़ ने जाम खोल दिया। संदिग्ध युवक से नहीं मिला सुराग, दोस्तों से पूछताछ अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त (एडीसीपी-ईस्ट) वीरेंद्र सिंह ने बताया- रिपोर्ट में परिजनों ने किसी को नामजद नहीं किया था, लेकिन उन्होंने एक युवक पर संदेह जताया था। पुलिस ने तुरंत उस युवक की पड़ताल की, जिसमें सामने आया कि वह लड़का गायब नहीं है। प्रारंभिक पूछताछ में भी उससे ऐसा कोई सुराग नहीं मिला है, जो इस मामले से जुड़ा हो। फिलहाल पुलिस की अलग-अलग टीमें परिजनों, नाबालिग के स्कूल के दोस्तों और आस-पड़ोस के लोगों से जानकारी जुटाकर छात्रा की तलाश में जुटी हुई हैं।