जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, टोंक (डीएलएसए) के तत्वावधान में मंगलवार को जिले के कई स्कूलों में ट्रांसफार्मेटिव टयूज़डे के तहत फ्लैगशिप कार्यक्रम आयोजित हुआ। जिला न्यायाधीश (प्राधिकरण अध्यक्ष) डॉ. सीमा अग्रवाल की दिशा-निर्देशन में जुलाई माह के पहले मंगलवार को नशा मुक्ति व मादक पदार्थों के दुष्प्रभाव, विषय न्यायिक अधिकारियों ने विद्यार्थियों से संवाद कर उन्हें नशे से दूर रहने और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित किया। प्राधिकरण सचिव (अपर जिला न्यायाधीश) दिनेश कुमार जलुथरिया ने कहा कि नशा व्यक्ति का भविष्य बर्बाद कर सकता है। यदि कोई व्यक्ति नशीले पदार्थों के सेवन के लिए प्रेरित करता है तो उसका विरोध करें और आवश्यकता पड़ने पर अभिभावकों, शिक्षकों अथवा अन्य विश्वसनीय व्यक्तियों से सहायता लें। उन्होंने विद्यार्थियों को नालसा की टोल फ्री हेल्पलाइन 15100 की जानकारी भी दी, ताकि जरूरत पड़ने पर विधिक सहायता प्राप्त की जा सके। अगला सत्र 21 जुलाई को होगा, इसमें विद्यार्थियों को एक अन्य महत्वपूर्ण विधिक एवं सामाजिक विषय पर मार्गदर्शन दिया जाएगा। इन स्कूलों में पहुंचे ये न्यायिक अधिकारी : ट्रांसफार्मेटिव ट्यूजडे" अभियान के तहत प्राधिकरण सचिव, दिनेश कुमार जलुथरिया ने राउमावि बमोर, फैमिली कोर्ट न्यायाधीश मधुसूदन शर्मा ने राउमावि घांस, न्यायाधीश, विशेष न्यायालय (पॉक्सो) प्रदीप कुमार वर्मा ने विवेक स्कूल, विशिष्ट न्यायाधीश, भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम प्रकरण नीरज भारद्वाज ने महात्मा गांधी गोलडूंगरी, बंधा जानबाज स्थित सरकारी स्कूल, एससी-एसटी कोर्ट, न्यायाधीश आरती माहेश्वरी ने शिव विद्या मंदिर पुरानी टोंक, एडीजे स्वाति व्यास ने विवेकानंद स्कूल मेहंदवास, मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट मनोज फौजदार ने राउमावि सोनवा, एसीजेएम-01 आशिमा माथुर ने सेंट जोसेफ, एसीजेएम-02 गजपाल सिंह ने राउमावि खजूरिया, न्यायिक मजिस्ट्रेट तनिष्का मेहरा ने श्रीदेव विद्यापीठ स्कूल व अतिरिक्त न्यायिक मजिस्ट्रेट श्रेया गोयल ने आईपीएस स्कूल में विद्यार्थियों को नशामुक्ति, कानूनी जागरूकता व जिम्मेदार नागरिक बनने का संदेश दिया।