खैरथल-तिजारा में शुक्रवार को जिला कलेक्टर अतुल प्रकाश की अध्यक्षता में जिला सचिवालय में नार्को कोऑर्डिनेशन केंद्र (NCORD) की जिला स्तरीय कमेटी की बैठक हुई। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य जिले में नशीले पदार्थों की तस्करी, अवैध खेती और दवाइयों के दुरुपयोग की रोकथाम पर विस्तृत चर्चा करना था। बैठक में अफीम, गांजे की अवैध खेती, ट्रामाडोल व कोडिन आधारित दवाइयों के दुरुपयोग और भांग के वैध ठेकों पर संचालित अवैध गतिविधियों की रोकथाम पर विशेष ध्यान दिया गया। साथ ही, एनडीपीएस अधिनियम और मादक पदार्थों के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूकता बढ़ाने के लिए विभिन्न विभागों द्वारा की जा रही कार्रवाइयों की समीक्षा भी की गई। जिला कलेक्टर ने जिला शिक्षा अधिकारी को निर्देश दिए कि आगामी बैठक से पूर्व जिले के सभी स्कूलों के प्रधानाचार्यों के माध्यम से सर्वे कर स्कूल परिसरों के 100 मीटर दायरे में संचालित तंबाकू विक्रेताओं की सूची जिला कार्यालय को उपलब्ध कराई जाए। इसका लक्ष्य अभियान चलाकर स्कूल परिसरों को तंबाकू मुक्त बनाना है। उन्होंने सभी स्कूलों में नियमित रूप से नशा मुक्ति गतिविधियां आयोजित करने के भी निर्देश दिए, ताकि बच्चों और युवाओं को नशे की लत से बचाया जा सके। इसके अलावा, मेडिकल स्टोरों पर पर्चे से मिलने वाली दवाइयों की निगरानी रखने और अवैध रूप से बेची जा रही कोडिन व ट्रामाडोल जैसी दवाइयों पर सख्ती से रोक लगाने के निर्देश दिए गए। संबंधित अधिकारियों को कोटपा एक्ट के तहत कार्रवाई एवं चालान सुनिश्चित करने के लिए भी कहा गया। जिला कलेक्टर ने आमजन से अपील की कि किसी भी प्रकार की नशे से संबंधित अवैध गतिविधि की सूचना टोल फ्री नंबर 1933 पर दी जा सकती है, ताकि प्रशासन एवं पुलिस समय रहते प्रभावी कार्रवाई कर सकें। एसपी बृजेश उपाध्याय ने कहा कि यदि अन्य जिलों में अवैध मादक गतिविधियों में जिले के किसी व्यक्ति की संलिप्तता की जानकारी मिले तो तत्काल पुलिस को अवगत कराया जाए, जिससे जिले में ऐसी गतिविधियों को पनपने से रोका जा सके। एसपी ने भांग के ठेकों पर नियमों के अनुसार विक्रय सुनिश्चित करने के भी निर्देश दिए। बैठक में अतिरिक्त जिला कलेक्टर, उपनिदेशक समाज कल्याण विभाग, उपमुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी, एनसीबी जयपुर के अधिकारी, जिला शिक्षा अधिकारी सहित पुलिस एवं विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।