कोटा में एक नाबालिग लड़की ने चाइल्ड हेल्पलाइन पर फोन कर कहा- अंकल मेरा बाल विवाह रुकवाओ, माता-पिता 26 अप्रैल को उसकी शादी करवा रहे हैं। विरोध करने पर मारपीट करते हैं। शादी के डर से लड़की अपने घर से भी निकल गई थी। इसके बाद टीम उसकी बताई जगह पर पहुंची और अपने संरक्षण में लिया। लड़की को काउंसलिंग के बाद फिलहाल राजकीय बालिका गृह में अस्थाई आश्रय दिलवाया गया है। फोन कर बोली- घर से निकल गई हूं बाल कल्याण समिति के सहायक निदेशक रामराज मीणा ने बताया- 17 साल की लड़की ने आज चाइल्ड हेल्पलाइन में फोन किया था। उसने कहा- उसकी जबरदस्ती शादी करवाई जा रही है। विरोध करने पर माता-पिता मारपीट करते हैं। लड़की 9वीं क्लास तक पढ़ी-लिखी है। लड़की का कहना है कि परिवार ने 5 साल पहले उसकी पढ़ाई छुड़वा दी थी। लड़की के फोन के बाद जिला बाल संरक्षण इकाई, बाल अधिकारिता विभाग, चाइल्ड हेल्पलाइन और सृष्टि सेवा समिति की टीम तत्काल कार्रवाई के लिए निकल रही थी। इसी बीच दोबारा लड़की का फोन आया। उसने कहा कि डरकर वह अपने घर से निकल गई है। डीसीएम रोड पर खड़ी है। इस पर टीम डीसीएम रोड पर पहुंची और लड़की को अपने साथ लेकर आई। काउंसलिंग के बाद राजकीय बालिका गृह में रखा लड़की को लाने के बाद काउंसलर महिमा पांचाल, सुपरवाइजर बंटी सुमन, केस वर्कर आकाश कुमार और सृष्टि सेवा समिति के जिला समन्वयक भूपेंद्र सिंह पहुंचे। लड़की को सुरक्षित अपने संरक्षण में लिया। लड़की से बातचीत के बाद उद्योग नगर थाने में शिकायत दर्ज करवाई गई। इसके बाद लड़की को बाल कल्याण समिति के अध्यक्ष राजेंद्र राठौड़ के सामने पेश किया गया। समिति ने बालिका की काउंसलिंग कर फिलहाल उसे राजकीय बालिका गृह में अस्थाई आश्रय दिलवाया है। प्रशासन ने स्पष्ट किया कि बाल विवाह एक दंडनीय अपराध है और ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई की जाएगी। 21 साल से कम उम्र के युवक का बाल विवाह रुकवाया कोटा के कुन्हाड़ी इलाके में प्रशासन ने 21 साल से कम उम्र के युवक का बाल विवाह रुकवाया। चाइल्ड हेल्पलाइन को सूचना मिली थी कि कुन्हाड़ी क्षेत्र के एक सामुदायिक भवन में 21 साल से कम वाले युवक का विवाह होने वाला है। सूचना पर बाल अधिकारिता विभाग, जिला बाल संरक्षण इकाई और सहयोगी संस्था की टीम मौके पर पहुंची। वहां युवक नहीं मिला तो टीम उसके घर पहुंची, जहां शादी की तैयारियां चल रही थी। टीम ने दूल्हे के आयु संबंधी दस्तावेज जांचे, जिसमें उसकी उम्र 20 वर्ष से कम पाई गई। इस पर टीम ने परिजनों को सख्त चेतावनी दी गई और विवाह तुरंत रुकवाया गया। युवक शिक्षा विभाग में बाबू है। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि बाल विवाह करने पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। --- ये खबर भी पढ़िए- 'प्लीज मेरी दोस्त की शादी रुकवा दीजिए-वह बहुत छोटी है':बूंदी में 8 साल के मासूम ने रुकवाया बाल विवाह, चाइल्डलाइन पर मांगी थी मदद भैया/दीदी, प्लीज मेरी दोस्त की शादी रुकवा दीजिए। वह अभी बहुत छोटी है। हम साथ खेलते हैं, स्कूल जाते हैं। (पढ़िए पूरी खबर)