कोटा जिले के ग्रामीण इलाकों में फसल अवशेषों (नोलाइयों) में आग की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं। रविवार को धुलेट गांव में अचानक खेतों की नोलाइयों में आग भड़क उठी। हवा के साथ आग तेजी से फैलने लगी, जिससे आसपास के खेतों को भी खतरा पैदा हो गया। सूचना मिलते ही स्थानीय ग्रामीणों और दमकल टीम ने मौके पर पहुंचकर कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पा लिया। इसी तरह झालीपुरा गांव में भी नोलाइयों में आग लगने की घटना हुई। यहां भी हवा के कारण आग तेजी से फैली, लेकिन ग्रामीणों की सतर्कता और दमकल की मदद से समय रहते आग को काबू में कर लिया गया। स्थानीय लोगों का कहना है कि गर्मी बढ़ने के साथ-साथ खेतों में सूखी घास और फसल अवशेषों में आग लगने की घटनाएं आम हो जाती हैं। कई बार छोटी चिंगारी, बीड़ी-सिगरेट या बिजली के तारों से भी यह आग शुरू हो जाती है। पिछले दिनों की घटनाएं बढ़ा रही चिंता पिछले कुछ दिनों में कोटा क्षेत्र में ऐसी कई घटनाएं सामने आई हैं, जिनसे लोगों की चिंता बढ़ गई है। कोटा-इटावा रोड पर बिनायका के पास नोलाइयों में भीषण आग लगी थी, जिसे दमकल ने काबू किया। जालिमपुरा गांव में भी इसी तरह की घटना हुई, जहां फायर ब्रिगेड को बुलाना पड़ा। खड़ी फसलों में भी आग की कई घटनाएं दर्ज की गईं। शहरी क्षेत्र में भी आग की घटनाएं कम नहीं हैं। हाल ही में कोटा में एक चलती बस और वाहन में आग लगने जैसी घटनाएं सामने आईं, जिनमें बड़ी दुर्घटना टल गई। मुख्य अग्निशमन अधिकारी राकेश व्यास के अनुसार बढ़ती गर्मी के साथ आग लगने की घटनाएं हर साल आग की घटनाएं बढ़ जाती हैं।