कोटा शहर के दो अलग-अलग इलाकों में ब्लैक कोबरा और अजगर के घर में घुस आने से परिवारों में दहशत फैल गई। राहत की बात यह रही कि दोनों ही मामलों में किसी भी सदस्य को कोई नुकसान नहीं पहुंचा। स्नेक कैचर गोविंद शर्मा ने समय रहते दोनों सांपों का सुरक्षित रेस्क्यू कर उन्हें जंगल में छोड़ दिया। रसोई में रोटी के चकले के पीछे छिपा कोबरा पहली घटना नयागांव रोजड़ी इलाके की है। यहां फूल सिंह कुशवाहा के घर देर रात करीब साढ़े चार फीट लंबा ब्लैक कोबरा घुस आया। परिवार के सदस्य रात में उठे तो सांप उनके पैरों के पास से निकलकर सीधे रसोई में चला गया। उस समय घर में तीन सदस्य मौजूद थे, जो सांप को देखकर घबरा गए। सूचना मिलने पर स्नेक कैचर गोविंद शर्मा मौके पर पहुंचे और तलाश करने पर ब्लैक कोबरा रसोई में गैस चूल्हे के पास रोटी के चकले के पीछे छिपा मिला। गोविंद शर्मा ने सावधानीपूर्वक उसका रेस्क्यू कर जंगल में छोड़ दिया और वन विभाग को भी सूचना दी। घर में घूम रहा था 8 फीट लंबा अजगर वहीं दूसरी घटना दादाबाड़ी विस्तार योजना की है। सुबह करीब साढ़े पांच बजे परिवार के सदस्यों ने घर के अंदर आठ फीट लंबा अजगर घूमते हुए देखा। घर में मौजूद पांचों सदस्य डर गए और तुरंत स्नेक कैचर को सूचना दी। मौके पर पहुंचे गोविंद शर्मा ने अजगर का सुरक्षित रेस्क्यू कर उसे लाडपुरा के जंगल में छोड़ दिया। इसकी जानकारी वन विभाग के अधिकारी भवानी सिंह को भी दी गई। गोविंद शर्मा ने बताया कि बारिश के मौसम में बिलों में पानी भरने के कारण सांप और अन्य वन्यजीव बाहर निकलकर रिहायशी इलाकों में पहुंच जाते हैं। ऐसे में उन्हें नुकसान पहुंचाने के बजाय वन विभाग या स्नेक रेस्क्यू टीम को सूचना देना चाहिए।